श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार कुलदीप सिंह गड़गज्ज ने सरकार की कार्रवाई से जताई असंतुष्टि
Punjab Breaking News (आज समाज), चंडीगढ़ : पंजाब सरकार द्वारा पंजाब विधानसभा के बीते सत्र में बनाए गए पंजाब बेअदबी कानून को लेकर श्री अकाल तख्त साहिब के मुख्य जत्थेदार कुलदीप सिंह गड़गज्ज व प्रदेश सरकार एक बार फिर से आमने सामने आते दिखाई दे रहे हैं।
ज्ञात रहे कि पिछले दिनों भी पंजाब के सभी चयनित सिख विधायकों की श्री अकाल तख्त साहिब पर पेशी हुई थी। इस पेशी के दौरान कोई भी विधायक श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार कुलदीप सिंह गड़गज्ज के सवालों का सही से जवाब नहीं दे पाया था। जिसके बाद श्री अकला तख्त साहिब ने सरकार को दोबारा से इस कानून पर विचार करने और संशोधन करने की बात कही थी।
सरकार के जवाब से संतुष्ट नहीं जत्थेदार
श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार सिंह साहिब ज्ञानी कुलदीप सिंह गड़गज्ज ने श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की बेअदबी रोकने संबंधी कानून पर पंजाब सरकार द्वारा पेश किए गए जवाब पर असंतुष्टि व्यक्त करते हुए उसे खारिज कर दिया है। उन्होंने कहा कि इस वर्ष 29 जून को पंजाब विधानसभा के सिख विधायकों और कैबिनेट मंत्रियों ने श्री अकाल तख्त साहिब से जो सहमति व्यक्त की थी, सरकार का जवाब उसके विपरीत दिखाई देता है।
इसलिए यह जवाब स्वीकार करने योग्य नहीं है। जत्थेदार गड़गज्ज ने कहा कि यदि सरकार इस कानून पर आगे बातचीत करना चाहती है तो श्री अकाल तख्त साहिब ने एक विशेषज्ञ समिति गठित की है। पंजाब सरकार इस समिति के साथ संपर्क स्थापित कर दो माह के भीतर कानून पर सहमति बनाए।
सरकार के लिए बातचीत का मार्ग खुला
श्री अकाल तख्त साहिब की ओर से संवाद का रास्ता अभी भी खुला है, बशर्ते सरकार की नीयत साफ हो और किसी प्रकार की चालाकी नहीं की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि 29 जून को सिख विधायक और कैबिनेट मंत्रियों ने श्री अकाल तख्त साहिब पर पहुंच कर विशेष रूप से ‘कस्टोडियन’ से संबंधित दोनों प्रावधान हटाने पर सहमति बनी थी, लेकिन सरकार के जवाब में उन्हें हटाने के बजाय नियमों के माध्यम से उनका समर्थन किया है।
यदि सरकार के प्रतिनिधि अपनी सहमति से पीछे हटते हैं तो श्री अकाल तख्त साहिब इसका कड़ा संज्ञान लेकर उचित कार्रवाई करेगा। जत्थेदार गड़गज्ज ने कहा कि जब श्री अकाल तख्त साहिब पर आकर आदेश स्वीकार किए जाते हैं तो उन्हें पूरी भावना के साथ लागू करना भी आवश्यक होता है।

