सैफई, इटावा : उत्तर प्रदेश के हाईप्रोफाइल इलाके सैफई में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब आसमान से एक भारी-भरकम ड्रोन अचानक गेहूं के खेत में आ गिरा। इस घटना से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है।
खेत में काम कर रहे किसानों ने जब तेज आवाज के साथ इस अज्ञात वस्तु को गिरते देखा, तो लोग इसे मिसाइल या कोई आसमानी हमला समझकर जान बचाने के लिए भागने लगे। घंटों तक इलाके में डर और भ्रम का माहौल बना रहा।
मिसाइल समझकर सहम गए किसान: प्रत्यक्षदर्शियों की आपबीती
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, दोपहर के समय जब किसान खेतों में काम कर रहे थे, तभी आसमान से एक काले रंग की बड़ी मशीन असंतुलित होकर सीधे गेहूं की फसल में जा गिरी। गिरने की आवाज इतनी तेज थी कि आसपास के गांवों के लोग भी मौके पर जमा हो गए। ग्रामीणों ने बताया कि शुरुआत में यह किसी युद्ध क्षेत्र से भटकी हुई मिसाइल या सैन्य उपकरण जैसा लग रहा था, जिससे लोगों में दहशत फैल गई। हालांकि, पास जाकर देखने पर पता चला कि यह एक आधुनिक तकनीक वाला बड़ा ड्रोन है।
सरकारी परीक्षण या बड़ी लापरवाही? प्रशासन की चुप्पी पर सवाल
घटना के घंटों बाद भी प्रशासन की ओर से कोई स्पष्ट आधिकारिक बयान न आने से अटकलों का बाजार गर्म है। स्थानीय स्तर पर चर्चा है कि यह ड्रोन किसी सरकारी विभाग का तकनीकी परीक्षण हो सकता है जो फेल होकर खेत में गिर गया। लेकिन ग्रामीणों का सवाल वाजिब है कि अगर यह कोई आधिकारिक टेस्ट था, तो घनी आबादी वाले क्षेत्र के पास इसे उड़ाने की अनुमति किसने दी? और अगर यह तकनीकी खराबी के कारण गिरा, तो रिहायशी इलाके में गिरने पर जान-माल का बड़ा नुकसान भी हो सकता था।
फसल बर्बाद, मुआवजे के लिए अड़े ग्रामीण: जांच की उठी मांग
जिस खेत में यह ड्रोन गिरा, वहां गेहूं की फसल को काफी नुकसान पहुंचा है। पीड़ित किसान और ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। किसानों का कहना है कि इस घटना ने उन्हें न केवल आर्थिक बल्कि मानसिक तनाव भी दिया है। ग्रामीणों ने मांग उठाई है कि:
- आखिर यह ड्रोन कहां से आया और इसका मालिक कौन है?
- आबादी वाले क्षेत्रों में बिना पूर्व सूचना के ड्रोन उड़ाने वालों पर कार्रवाई हो।
- पीड़ित किसान को फसल के नुकसान का उचित मुआवजा तत्काल दिया जाए।
फिलहाल, पुलिस और संबंधित विभाग इस रहस्यमयी ड्रोन की जांच में जुट गए हैं, लेकिन सुरक्षा के लिहाज से इस घटना ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

