क्यारीघाट के जंगलों में तेजी से फैल रही लपटें; वन्यजीवों को खतराछोटा शिमला में बड़ा हादसा: सचिवालय के पास लकड़ी की दुकान खाकशॉर्ट सर्किट से लगी आग; ऊपर रह रहे थे 5-6 परिवार
हिमाचल प्रदेश के सोलन में भीषण आग (Photo Credits: File Image)
सोलन/शिमला, 27 मई: भीषण गर्मी और शुष्क मौसम के बीच हिमाचल प्रदेश (Himachal Pradesh) के पर्वतीय क्षेत्रों में आगजनी की घटनाएं तेजी से बढ़ रही हैं. सोलन (Solan) जिले के कांडघाट विकासखंड के अंतर्गत आने वाले क्यारीघाट (Kyarighat) गांव के जंगलों में मंगलवार को भीषण दावानल (Forest Fire) भड़क उठी। सूखी पत्तियों और तेज हवाओं के कारण यह आग बहुत तेजी से पहाड़ी इलाकों में फैल गई, जिससे मीलों दूर से धुएं के विशाल गुबार और लपटें साफ देखी जा रही हैं. आग की भयावहता को देखते हुए वन विभाग, आपातकालीन राहत दल और स्थानीय ग्रामीण बेहद चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में काबू पाने का प्रयास कर रहे हैं. इस प्राकृतिक आपदा के साथ ही, प्रदेश की राजधानी शिमला के सचिवालय के पास छोटा शिमला में भी एक दुकान में आग लगने का बड़ा हादसा सामने आया है. यह भी पढ़ें: Delhi Fire Tragedy: दिल्ली के विवेक विहार में चार मंजिला इमारत में तड़के लगी भीषण आग, नींद में सो रहे 4 लोगों की मौत से मचा कोहराम; VIDEO
क्यारीघाट के जंगलों में तेजी से फैल रही लपटें; वन्यजीवों को खतरा
स्थानीय प्रशासन से मिली जानकारी के अनुसार, क्यारीघाट गांव के आसपास की पहाड़ियों में लगी यह आग देखते ही देखते एक बड़े क्षेत्र में फैल गई है. पहाड़ी इलाका और ढलान होने के कारण दमकल वाहनों का सीधे मौके पर पहुंचना मुश्किल हो रहा है, जिससे आग बुझाने के काम में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है.
ग्रामीण और आपातकालीन टीमें पारंपरिक तरीकों और हरी झाड़ियों की मदद से आग की दिशा बदलने का प्रयास कर रही हैं ताकि इसे रिहायशी इलाकों तक पहुंचने से रोका जा सके. इस दावानल से बहुमूल्य वन संपदा और स्थानीय वन्यजीवों को भारी नुकसान पहुंचने की आशंका है.
सोलन में भीषण जंगल की आग भड़की
छोटा शिमला में बड़ा हादसा: सचिवालय के पास लकड़ी की दुकान खाक
दावानल के अलावा, शिमला में भी एक बड़ा व्यावसायिक हादसा घटित हुआ. सचिवालय के नजदीक छोटा शिमला स्थित एक गुरुद्वारे के पास बनी दुकान में अचानक भीषण आग लग गई. गनीमत यह रही कि दमकल विभाग की त्वरित कार्रवाई और स्थानीय निवासियों के सक्रिय सहयोग से इस आग को समय रहते नियंत्रित कर लिया गया, जिससे यह आसपास की इमारतों में नहीं फैल सकी.
चूल्हासाण फायर स्टेशन के सब-फायर ऑफिसर भगत राम ठाकुर ने बताया कि क्षेत्रीय अग्निशमन अधिकारी नितिन दीवान से निर्माण स्थल के पास आग लगने की सूचना मिलते ही दो दमकल वाहनों (Fire Tenders) को तुरंत घटना स्थल के लिए रवाना किया गया था. दमकल कर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह काबू पा लिया, जिससे नुकसान केवल एक दुकान तक ही सीमित रहा.
शॉर्ट सर्किट से लगी आग; ऊपर रह रहे थे 5-6 परिवार
शुरुआती जांच के अनुसार, दुकान के भीतर लगे एक इलेक्ट्रिकल पैनल में तकनीकी खराबी के कारण शॉर्ट सर्किट हुआ, जो आग का मुख्य कारण बना. पीड़ित दुकानदार मोनू गुप्ता ने बताया, 'मैं अपनी दुकान खोलकर नीचे कुछ सामान लेने गया था. जब मैं वापस लौटा, तो लोगों ने मुझे बताया कि दुकान में आग लग गई है. चूंकि दुकान में लकड़ी के फिक्स्चर थे और भीतर मिक्सर व अन्य कीमती सामान रखा था, इसलिए सब कुछ जलकर खाक हो गया है. मुझे बहुत भारी आर्थिक नुकसान हुआ है.'
मोनू गुप्ता ने यह भी बताया कि जिस इमारत में दुकान थी, उसके ऊपरी हिस्से में करीब 5 से 6 परिवार रहते हैं. दमकल विभाग की मुस्तैदी से इन सभी परिवारों को समय रहते सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया. इस घटना में किसी भी प्रकार की जनहानि या हताहत होने की सूचना नहीं है. पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी नुकसान के सटीक आकलन और दोनों मामलों की विस्तृत जांच में जुटे हैं.

