कोयंबटूर: मद्रास हाईकोर्ट ने बन्नारी अम्मन शुगर्स लिमिटेड के खिलाफ 12,72,30,170 रुपये की कथित कर देनदारी की वसूली के लिए शुरू की गई कार्यवाही पर अंतरिम रोक लगा दी है। कंपनी ने 4 अगस्त 2026 को शेयर बाजारों को इसकी जानकारी दी।
कंपनी ने सेबी (लिस्टिंग ऑब्लिगेशंस एंड डिस्क्लोजर रिक्वायरमेंट्स) विनियम, 2015 के विनियम 30 के तहत जारी खुलासे में बताया कि, यह जानकारी 2 जुलाई 2026 को किए गए उसके पहले के खुलासे के क्रम में है। उस समय कंपनी ने राजस्व वसूली अधिनियम, 1864 के तहत तमिलनाडु बिजली उपभोग या बिक्री कर अधिनियम, 2003 के अंतर्गत कर और ब्याज की कथित देनदारी की वसूली के लिए की गई कार्रवाई की जानकारी दी थी।
कंपनी के अनुसार, ईरोड के जिला कलेक्टर द्वारा शुरू की गई वसूली कार्यवाही को चुनौती देते हुए मद्रास हाईकोर्ट में रिट याचिका दायर की गई थी। इस पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने 30 जुलाई 2026 के आदेश में 22 जून 2026 की विवादित वसूली कार्यवाही पर अंतरिम रोक लगा दी। बन्नारी अम्मन शुगर्स ने कहा कि वह इस मामले में मद्रास हाईकोर्ट के समक्ष कानूनी प्रक्रिया जारी रखेगी और आगे होने वाले किसी भी महत्वपूर्ण घटनाक्रम की जानकारी शेयर बाजारों को देती रहेगी। यह खुलासा कंपनी सचिव एवं अनुपालन अधिकारी सी. पलानीस्वामी द्वारा हस्ताक्षरित किया गया है।

