दिल्ली: नॉटिंघम के ट्रेंट ब्रिज मैदान पर खेले गए तीसरे टी20 मुकाबले में इंग्लैंड ने भारत को 125 रन से हराकर इतिहास रच दिया. यह टी20 अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में भारत की रन के लिहाज से सबसे बड़ी हार है.
इससे पहले, भारत को 2019 में वेलिंगटन में न्यूजीलैंड के खिलाफ 80 रनों से हार मिली थी.
इंग्लैंड ने पहले बल्लेबाजी करते हुए सात विकेट पर 201 रन बनाए, जिसके जवाब में भारतीय टीम महज 76 रन पर सिमट गई. यह भारत का टी20 आई क्रिकेट में सबसे छोटा स्कोर कर भी है.
76 रन भारत का टी20 अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में दूसरा सबसे कम ऑलआउट स्कोर है, जबकि इंग्लैंड के खिलाफ यह उसका सबसे न्यूनतम स्कोर बन गया. टीम इंडिया का इस प्रारूप में सबसे छोटा स्कोर 74 रन है, जो 2008 में मेलबर्न में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ बना था.
टीम लगातार खराब फॉर्म से जूझ रही है और जून 2026 के बाद से पांच टी20 मुकाबलों में जीत दर्ज नहीं कर सकी है.
इंग्लैंड के विकेटकीपर जोस बटलर ने शानदार विकेटकीपिंग का प्रदर्शन करते हुए एक टी20 आई मैच में कुल 5 शिकार (कैच/स्टंपिंग) किए और इसके साथ ही इंग्लैंड के किसी विकेटकीपर द्वारा एक पारी में सबसे अधिक शिकार करने का नया रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया. बटलर ने इस मामले में मैट प्रायर का 19 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ दिया, जिन्होंने वर्ष 2007 के टी20 विश्व कप में केपटाउन के न्यूलैंड्स मैदान पर दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ एक पारी में 4 शिकार किए थे.
वहीं, अनुभवी स्पिनर आदिल रशीद ने अपने करियर का 166वां टी20 आई विकेट लेकर पुरुष टी20 आई क्रिकेट में सर्वाधिक विकेट लेने वाले गेंदबाजों की सूची में दूसरा स्थान हासिल कर लिया.
इंग्लैंड की जीत के सबसे बड़े नायक जोफ्रा आर्चर रहे, जिन्होंने घातक गेंदबाजी कर भारतीय बल्लेबाजी क्रम को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया और 'प्लेयर ऑफ द मैच' चुने गए. वहीं, जोश टंग ने चार विकेट लेकर भारत के खिलाफ टी20 अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में इंग्लैंड के लिए सर्वश्रेष्ठ गेंदबाजी प्रदर्शनों में अपना नाम दर्ज कराया.
कप्तान श्रेयस अय्यर की अगुआई में भारतीय टीम का प्रदर्शन लगातार सवालों के घेरे में है. ट्रेंट ब्रिज में मिली यह करारी हार टीम के लिए बड़ा झटका है और अब उसकी नजर आगामी मुकाबलों में वापसी कर इस निराशाजनक प्रदर्शन को पीछे छोड़ने पर होगी.

