दिल्ली: आईपीएल 2026 फ़ाइनल से पहले रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु टीम की जितनी चर्चा है उतनी ही उनके कप्तान रजत पाटीदार की भी। टीम के साथ-साथ वे खुद भी कई नए रिकॉर्ड बनाने के दावेदार हैं और ख़ास तौर पर क्वालीफायर 1 बनाए 33 गेंद में 93* तो उन्हें फिर से टीम इंडिया में वापसी की चर्चा में ले आए हैं।
ये वापसी अब कब होगी या नहीं होगी, ये तो बीसीसीआई के समझदार सेलेक्टर तय करेंगे पर खुद रजत कोई कमी नहीं छोड़ रहे। हैरानी तो ये भी है कि वे आईपीएल विजेता कप्तान हैं पर भारत के लिए अब तक कोई टी20 इंटरनेशनल नहीं खेला है।
इस तरह रजत पाटीदार कुछ ऐसा हासिल कर चुके हैं जो कई उनसे बड़े नाम वाले भी हासिल नहीं कर पाए। बैट के साथ भी वे उतने ही कामयाब और आईपीएल 2026 फ़ाइनल शुरू होने से पहले तक उनके नाम आईपीएल में 1597 रन हैं। विश्वास कीजिए वे उन टॉप भारतीय आईपीएल स्कोरर में से एक हैं जो कभी टी20 इंटरनेशनल नहीं खेले। ऐसे टॉप 5 भारतीय आईपीएल स्कोरर जो टी20 इंटरनेशनल नहीं खेले:
मयंक अग्रवाल 2000+ रन: मयंक अग्रवाल भारत के लिए टेस्ट और वनडे तो खेले पर टी20 फॉर्मेट की चर्चा में अपनी बैटिंग स्टाइल की वजह से कभी दावेदार नहीं बन पाए। उन्हें ख़ास तौर पर रेड बॉल का स्पेशलिस्ट ही मानते रहे। इसके अतिरिक्त भले ही आईपीएल में उनके नाम 125 पारी में 2756 रन हैं पर 133+ के स्ट्राइक रेट के साथ कभी ऐसा तहलका मचाने वाला सीजन नहीं खेला कि सेलेक्टर उन्हें टी20 टीम इंडिया में लेने पर मजबूर हो जाते। पंजाब किंग्स के लिए एक शानदार स्कोरर थे पर अस्थिरता रिकॉर्ड से जुड़ी रही।
प्रभसिमरन सिंह का इंतजार जारी है: प्रभसिमरन अभी खेल रहे हैं और पंजाब किंग्स ने इस सीजन में जो भी कामयाबी हासिल की उसमें प्रभसिमरन की बल्लेबाजी का बराबर योगदान है। अब तक आईपीएल में 64 पारी में 1815 रन 156+ स्ट्राइक रेट से। क्या वे टी20 इंटरनेशनल खेले बिना, आईपीएल में 2000 रन बनाने वाले दूसरे बल्लेबाज बनेंगे? आईपीएल 2026 में दिखाए प्रदर्शन की बदौलत प्रभसिमरन का श्रीलंका टूर के लिए इंडिया ए में चयन हो गया है। इस टूर पर उनकी फार्म, उनके लिए भारत की टी20 का रास्ता बना सकती है, हालांकि किसी ओपनर की नई एंट्री आसान न रही। प्रभसिमरन के साथ जुड़ी एक ख़ास बात ये है कि वे अनकैप्ड हैं यानि कि अभी तक किसी भी फॉर्मेट में भारत के लिए कोई इंटरनेशनल नहीं खेला है।
करुण नायर रेड बॉल स्पेशलिस्ट रहे : वे टेस्ट क्रिकेट में 300 के स्कोर वाली पारी खेलने के लिए मशहूर रहे पर कभी भी लिमिटेड ओवर क्रिकेट में उन्हें वैसी मशहूरी न मिली। वे 10 टेस्ट और 2 वनडे इंटरनेशनल खेले पर टी20 इंटरनेशनल नहीं। आईपीएल में 78 पारी में 1712 रन का रिकॉर्ड है 131+ स्ट्राइक रेट से। वे आईपीएल 2026 में भी खेले पर ऐसा नहीं कि टी20 इंटरनेशनल के लिए उनकी दावेदारी की चर्चा हो।
रजत पाटीदार 1597 आईपीएल रन: शेन वॉर्न और रजत पाटीदार ही ऐसे दो कप्तान हैं जो अपने देश के लिए कभी टी20 इंटरनेशनल मैच नहीं खेले लेकिन कप्तान के तौर पर आईपीएल टाइटल जीत लिया। मध्य प्रदेश के इस क्रिकेटर के पास अभी इस रिकॉर्ड से अपना नाम हटाने का मौका है। शेन वॉर्न वास्तव में इंटरनेशनल क्रिकेट से रिटायर होने के बाद आईपीएल खेलने आए जबकि रजत के पास अपने पहले ही सीजन में आईपीएल टाइटल जीतने के बाद, भारत के लिए टी20 इंटरनेशनल खेलने का मौका है। इन दिनों रजत की चर्चा टी20 इंटरनेशनल में डेब्यू के लिए रही पर उनका फोकस आईपीएल पर रहा।
सौरव गांगुली के पास तो मौका था: सौरव गांगुली ने आईपीएल में 1349 रन बनाए पर सच ये है कि आईपीएल करियर आगे बढ़ते-बढ़ते उनके पास टी20 इंटरनेशनल खेलने का मौका कम होता चला गया। 2007 के वर्ल्ड टी20 में भारत के सीनियर क्रिकेटरों का न खेलने का फैसला, सौरव गांगुली के लिए टी20 इंटरनेशनल खेलने का मौका खत्म कर गया। उस टूर्नामेंट में एमएस धोनी की युवा टीम के खिलाड़ी ऐसे चमके कि गांगुली जैसे सीनियर चर्चा से बाहर होते चले गए। साथ में उनका वनडे करियर भी खत्म हो चुका था।

