तस्वीर में प्रियंका गांधी और संबित पात्रा है।
Priyanka Gandhi:संसद का मानसून सत्र जारी है। जिसकी वजह से देश में राजनीतिक माहौल गरमाया हुआ है। मालूम हो कि बीते कुछ दिनों से देशभर में कई ऐसी घटनाएं हुई है, जिससे विपक्ष लगातार केंद्र सरकार पर हमलावर हो गई है।
इसी बीच हाल ही में कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी का एक ऐसा बयान सामने आया थी, जिससे कई तरह की चर्चाएं शुरू हो गई है।
लोकसभा में अपने भाषण के दौरान कांग्रेस सांसद ने कहा था कि "इस नई कमेटी में तो एक पूर्व आईबी चीफ़, एक आईटी कंपनी के संस्थापक और एक गोमूत्र विशेषज्ञ भी हैं"। वहीं अब इस मामले पर बीजेपी सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने जोरदार पलटवार किया है।
Priyanka Gandhi के बयान पर सुधांशु त्रिवेदी का बयान
बीते दिन संसद में प्रियंका गांधी के बयान का जवाब देते हुए बीजेपी सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने इस मामले में अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि "जिन लोगों को 'गोमूत्र' से समस्या है, उन्हें पता होना चाहिए कि अमेरिका और ब्रिटेन में इसके जीवाणुरोधी और कवकनाशी औषधीय गुणों के लिए पेटेंट हैं, जिनके दिमाग में 'मैकाले-मार्क्स का गोबर' भरा है, वे इसे नहीं समझेंगे।" बता दें कि गौमूत्र के बयान पर बीजेपी और कांग्रेस के बीच जुबानी जंग जारी है। बीजेपी लगातार कांग्रेस और प्रियंका गांधी पर गंभीर आरोप लगा रही है।
हॉकी यूनिफॉर्म बदलने पर कांग्रेस सांसद ने दी प्रतिक्रिया
हॉकी खिलाड़ियों के यूनिफॉर्म बदलने पर कांग्रेस सांसद ने इस मुद्दों को भी संसद में उठाया था। वहीं अब इस मामले में प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि "चाहे वे यूनिफॉर्म बदलें या शिक्षा नीति के ज़रिए इतिहास को फिर से लिखने की कोशिश करें, वे कुछ भी करें। आपने देखा है कि हमारे देश के युवा इस बारे में क्या सोचते हैं।
आपने सुना कि जंतर-मंतर पर जमा युवा क्या कह रहे थे। यह देश की आवाज़ है। इस देश की आज़ादी की लड़ाई अहिंसा और सच्चाई पर आधारित थी; इसमें RSS की कोई भूमिका नहीं थी। पूरा देश सच्चाई जानता है, और जिन्हें नहीं पता था, उन्हें भी अब उनके असली इरादों का पता चल रहा है।
कांग्रेस पार्टी ने महात्मा गांधी के नेतृत्व में उस आंदोलन को आगे बढ़ाया था, और इस देश की आत्मा अहिंसा, सच्चाई और भाईचारे में बसी है। कोई भी इसे छीन नहीं सकता न RSS, न ही कोई और। वे चाहे कितना भी बंटवारा करें, हिंसा भड़काएं या नफ़रत फैलाएं, देश की आत्मा जो भाईचारे, आपसी प्यार और एकता से बनी है, बरकरार रहती है। वे इसे छीन नहीं सकते।"

