Dailyhunt Logo
  • Light mode
    Follow system
    Dark mode
    • Play Story
    • App Story
पीओके में प्रदर्शन के दौरान हिंसा, गोलीबारी में एक की मौत का दावा

पीओके में प्रदर्शन के दौरान हिंसा, गोलीबारी में एक की मौत का दावा

पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (POK) में चल रहे विरोध प्रदर्शनों के बीच रविवार को कई स्थानों पर हिंसा भड़क गई। जम्मू-कश्मीर ज्वाइंट अवामी एक्शन कमेटी (JAAC) और अन्य संगठनों ने आरोप लगाया कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे लोगों पर पाकिस्तानी सुरक्षाबलों ने गोलीबारी और बल प्रयोग किया, जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई और कई अन्य घायल हो गए।

हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है।

हजारों लोग विरोध प्रदर्शन में शामिल

जेएएसी के आह्वान पर अब्बासपुर स्थित सरदार गुलाम हुसैन खान स्पोर्ट्स स्टेडियम में बड़ी संख्या में लोग एकत्र हुए। संगठन का दावा है कि प्रदर्शन में 40 हजार से अधिक लोगों ने हिस्सा लिया। प्रदर्शनकारियों ने हाल के दिनों में मानवाधिकार कार्यकर्ताओं और आंदोलन से जुड़े लोगों की गिरफ्तारी का विरोध करते हुए उन्हें तत्काल रिहा करने की मांग की।

जेएएसी का कहना है कि बुनियादी अधिकारों की मांग को लेकर चल रहे आंदोलन को दबाने के लिए सुरक्षाबलों ने कई स्थानों पर कार्रवाई की। संगठन ने आरोप लगाया कि डुडियाल क्षेत्र में बिना किसी उकसावे के प्रदर्शनकारियों पर गोलीबारी की गई।

गोलीबारी में मौत का दावा

पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) की पीओके इकाई ने दावा किया कि डड्याल अंब क्षेत्र में हुई गोलीबारी में एक प्रदर्शनकारी की मौत हो गई। इसके अलावा कई अन्य लोगों के घायल होने की भी जानकारी दी गई है। हालांकि, इस संबंध में पाकिस्तान प्रशासन की ओर से आधिकारिक पुष्टि सामने नहीं आई है।

मुजफ्फराबाद समेत कई इलाकों में झड़पें

मुजफ्फराबाद में प्रदर्शनकारियों और सुरक्षाबलों के बीच टकराव की खबरें भी सामने आईं। जेएएसी ने आरोप लगाया कि सुरक्षा बलों ने आंसू गैस के गोले दागे और कई प्रदर्शनकारियों की मोटरसाइकिलों को नुकसान पहुंचाया। संगठन के अनुसार, मनक पियान, संगी मेरा, तरीकाबाद, लोअर छत्रा और बेइला नूर शाह समेत कई इलाकों में भी तनावपूर्ण स्थिति बनी रही।

आरक्षित सीटों के विवाद से बढ़ा आंदोलन

पीओके में जेएएसी और प्रशासन के बीच विधानसभा की 12 आरक्षित सीटों को लेकर विवाद लगातार गहराता जा रहा है। संगठन का आरोप है कि इसी मुद्दे को लेकर सरकार आंदोलन को दबाने का प्रयास कर रही है। वहीं, प्रशासन की ओर से इस संबंध में विस्तृत प्रतिक्रिया अभी सामने नहीं आई है।

भारत से मदद और समर्थन की अपील

सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में जेएएसी से जुड़े सरदार अमन खान ने नियंत्रण रेखा (एलओसी) के भारतीय हिस्से के लोगों से खाद्य सामग्री और दवाइयों की सहायता की अपील की। वीडियो में उन्होंने दावा किया कि कई इलाकों में आवश्यक वस्तुओं की कमी है। साथ ही उन्होंने सीमाओं को समाप्त करने और लोगों के बीच आवाजाही आसान बनाने की भी मांग रखी। वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है।

विदेशों में भी हुए प्रदर्शन

पीओके की स्थिति को लेकर विदेशों में भी विरोध प्रदर्शन आयोजित किए गए। न्यूजीलैंड के ऑकलैंड में कश्मीरी समुदाय के लोगों ने प्रदर्शन कर जेएएसी के नेताओं समेत गिरफ्तार कार्यकर्ताओं की रिहाई की मांग की।

वहीं, ब्रिटेन की राजधानी लंदन में आयोजित 'लंदन कश्मीर मिलियन मार्च' में बड़ी संख्या में लोगों ने हिस्सा लिया। प्रदर्शनकारियों ने संसद चौक से पाकिस्तानी उच्चायोग तक मार्च निकालकर पीओके में कथित मानवाधिकार उल्लंघनों का विरोध किया और गिरफ्तार राजनीतिक नेताओं एवं कार्यकर्ताओं की तत्काल रिहाई की मांग की।

Dailyhunt
Disclaimer: This content has not been generated, created or edited by Dailyhunt. Publisher: Dainik Samvad