तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी भवानीपुर के ‘स्ट्रॉन्ग रूम’ पहुंचीं और ईवीएम में छेड़छाड़ और धांधली का आरोप लगाया। बनर्जी दक्षिण कोलकाता के सखावत मेमोरियल स्कूल पहुंचीं, जो भवानीपुर विधानसभा क्षेत्र का मतगणना केंद्र है।
यहां 29 अप्रैल को हुए मतदान की ईवीएम के लिए ‘स्ट्रॉन्ग रूम’ बनाया गया है। बनर्जी शहर में हो रही मूसलाधार बारिश की परवाह किए बिना शाम को ‘स्ट्रॉन्ग रूम’ स्थल पर पहुंचीं और अंतिम समाचार प्राप्त होने तक वह अंदर ही रूकी हुई थीं।
7 ईवीएम स्ट्रॉन्ग रूम पूरी तरह सील
हालांकि, चुनाव आयोग ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए स्पष्टीकरण जारी किया है। 7 ईवीएम स्ट्रॉन्ग रूम पूरी तरह सील और सुरक्षित हैं। सीलिंग उम्मीदवारों, एजेंट्स और ऑब्जर्वर की मौजूदगी में हुई। ईवीएम स्ट्रॉन्ग रूम पूरी तरह सुरक्षित, लॉक और अनछुए है।
कोलकाता के महापौर और कोलकाता पोर्ट सीट से टीएमसी के उम्मीदवार फिरहाद हाकिम भी मौके पर पहुंचे, लेकिन वह मुख्यमंत्री से नहीं मिल सके क्योंकि वह पहले ही अपने चुनाव एजेंट के साथ स्ट्रॉन्ग रूम के अंदर जा चुकी थीं। स्कूल परिसर के बाहर बनर्जी का इंतजार करते हुए फिरहाद हाकिम ने कहा कि मुख्यमंत्री के आने की सूचना मिलने पर मैं यहां पहुंचा, लेकिन मैं उनसे मिल नहीं सका क्योंकि वह पहले से ही परिसर के अंदर थीं और उम्मीदवार के रूप में अपने अधिकार का प्रयोग करते हुए स्ट्रॉन्ग रूम का दौरा कर रही थीं।
मुझे वहां जाने की अनुमति नहीं मिली। मैं यह पुष्टि नहीं कर पाऊंगा कि अंदर वास्तव में क्या हो रहा है। यह घटनाक्रम ऐसे समय में हुआ जब उत्तरी कोलकाता की दो सीटों से पार्टी के उम्मीदवार कुणाल घोष और शशि पांजा ने खुदीराम अनुशीलन केंद्र परिसर के बाहर धरना-प्रदर्शन किया। उनका आरोप था कि परिसर के स्ट्रॉन्ग रूम में रखी ईवीएम में छेड़छाड़ की जा रही है।
