संयुक्त कर्मचारी मोर्चा, यूटी एवं नगर निगम चंडीगढ़ की ओर से मंगलवार को भकना भवन में कर्मचारियों की लंबित मांगों के समर्थन में विशाल कान्वेंशन आयोजित किया गया। इसमें विभिन्न कर्मचारी संगठनों, फेडरेशनों और बड़ी संख्या में कर्मचारियों ने भाग लेकर प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जताई।
कान्वेंशन को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने आरोप लगाया कि चंडीगढ़ प्रशासन और नगर निगम प्रशासन कर्मचारियों की वर्षों पुरानी मांगों के समाधान के प्रति गंभीर नहीं है। उन्होंने कहा कि नियमित, अनुबंध, आउटसोर्सिंग, डेलीवेज, पेंशनर और अन्य वर्गों के कर्मचारियों से जुड़े कई मुद्दे लंबे समय से लंबित हैं, जिनका जल्द समाधान किया जाना चाहिए। संयुक्त कर्मचारी मोर्चा ने चेतावनी दी कि यदि मांगों का शीघ्र समाधान नहीं किया गया तो 5 अगस्त को सेक्टर-23 स्थित क्रिकेट स्टेडियम के सामने विशाल रैली, रोष प्रदर्शन और धरना आयोजित किया जाएगा। संयुक्त कर्मचारी मोर्चा ने चेतावनी दी कि यदि मांगों का शीघ्र समाधान नहीं किया गया तो 5 अगस्त को सेक्टर-23 स्थित क्रिकेट स्टेडियम के सामने विशाल रैली, रोष प्रदर्शन और धरना आयोजित किया जाएगा।
मोर्चा के कन्वीनर गोपाल दत्त जोशी ने सर्वोच्च न्यायालय के विभिन्न निर्णयों का हवाला देते हुए 10 वर्ष या उससे अधिक सेवा पूरी कर चुके कच्चे कर्मचारियों को नियमित करने और टर्मिनेट किए गए क्रैच कर्मचारियों की बहाली की मांग की। अन्य वक्ताओं ने कर्मचारियों की नौकरी की सुरक्षा, सामाजिक सुरक्षा, रिक्त पदों पर भर्ती, लंबित पदोन्नतियां और वेतन संबंधी मांगों को भी प्रमुखता से उठाया। सुखबीर सिंह, रंजीत मिश्रा,सुरमुख सिंह ने सातवां वेतनमान लागू करने, रिक्त पदों को भरने और कर्मचारियों की लंबित पदोन्नतियां करने की मांग की। रंजीत सिंह हंस ने सीटीयू कर्मचारी नेताओं पर दर्ज एफआईआर वापस लेने तथा हटाए गए आउटसोर्सिंग कंडक्टरों को पुन: बहाल करने की मांग की।
