बावल में 30 जून को आयोजित राष्ट्रीय खेत बचाओ कार्यक्रम से दूरी बनाये रखने को लेकर केन्द्रीय राज्य मंत्री राव इन्द्रजीत सिंह ने अब चुप्पी तोड़ी है। उन्होंने कहा कि उन्हें कार्यक्रम का निमंत्रण पत्र नहीं मिला और प्रोटोकॉल की उल्लंघना हुई है।
वे इस मुद्दे पर धारूहेड़ा में पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे।
गौरतलब है कि 30 जून को खेत बचाओ अभियान का बावल में समापन हुआ था। इसमें मुख्यातिथि केन्द्रीय कृषि कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान व मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी मौजूद थे। इस कार्यक्रम में राव इन्द्रजीत सिंह व जिला के तीनों विधायक रेवाड़ी के लक्ष्मण सिंह यादव, कोसली के अनिल यादव व बावल के डाॅ. कृष्ण कुमार नहीं पहुंचे थे। भाजपा के पांचों मंडलाध्यक्षों ने भी कार्यक्रम से दूरी बनाये रखी। इन नेताओं की इतने बड़े कार्यक्रम से दूरी बनाये रखने को लेकर भाजपा में गुटबाजी की चर्चा जोर पकड़ रही है।
इस मामले को लेकर पूछे गए सवाल के जवाब में राव इन्द्रजीत सिंह ने पहली बार चुप्पी तोड़ी और कहा कि उक्त राष्ट्रीय कार्यक्रम भारत सरकार के केन्द्रीय कृषि मंत्रालय का था। वास्तविकता यह है कि निमंत्रण को लेकर जो प्रोटोकॉल निभाना चाहिए था, वह नहीं निभाया गया। उन्हें आज तक और बावल के विधायक डाॅ. कृष्ण कुमार को निमंत्रण पत्र नहीं मिला है। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम से दो दिन पूर्व मुख्यमंत्री से उनकी बात हुई थी। जिसमें उन्होंने प्रोटोकॉल की उल्लंघना के बारे में बताया था। सीएम ने कहा कि इसे ठीक करने के लिए बाबू लोगों को कह दिया गया है। लेकिन सोशल मीडिया व विभिन्न मंचों पर जो निमंत्रण कार्ड चल रहा था, वह उन्हें आज तक नहीं मिला है। जिससे पता चलता है कि चुने हुए जनप्रतिनिधियों की अनदेखी हुई है। उन्होंने इस बारे में भारत सरकार के मंत्री को पत्र लिखा है। उन्होंने कहा कि कोई भी कार्यक्रम होता है तो वहां के स्थानीय जनप्रतिनिधियों को नजर अंदाज करना ठीक नहीं है।
