चरखी दादरी। महिलाएं पति की लंबी आयु के लिए करवाचौथ का व्रत रखती हैं। इसके विपरीत एकाध महिला ऐसी भी हैं जो रुपयों और संपत्ति के लालच में उसी पति को मौत की नींद सुला देती है।
ऐसा ही एक वाकया सामने आया है प्रदेश के चरखी दादरी जिले में।
पति की बहन ने जताया था शक
यहां एक पत्नी ने अपने पति की संपत्ति हड़पने के लिए अपने कथित प्रेमी के साथ मिलकर पति को मरवा दिया। पुलिस ने इसे हादसा मानकर केस बंद कर दिया। पति की बहन ने इस पर शक जताया और दोबारा से केस ओपन हो गया। पुलिस जांच में जुटी तो एक के बाद एक तथ्य उभरने शुरू हो गए। पुलिस ने पत्नी सहित पांच लोगों पर केस दर्ज कर लिया है। पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि पत्नी की नजर पति की संपत्ति, बीमा पॉलिसी और अन्य आर्थिक फायदे पर थी। उसने फरवरी और अप्रैल 2026 में पति के नाम पर 60-60 लाख रुपये की दो जीवन बीमा पॉलिसियां कराई, जिनमें वो खुद नॉमिनी थी।
दो करोड़ हड़पने की थी साजिश
इसके अलावा पैतृक जमीन और लाखों के लेन-देन को मिलाकर करीब 2 करोड़ रुपये के फायदे का पूरा प्लान तैयार किया था। 19 अप्रैल की रात गांव तिवाला के पास हुई घटना को शुरुआत में सामान्य सड़क हादसा माना गया। शुरू में जानकारी सामने आई कि प्रदीप नाम के युवक की स्कूटी को पीछे से टक्कर मारी गई, जिसमें वो गंभीर रूप से घायल हो गया. पुलिस ने पहले इसे दुर्घटना मानकर केस दर्ज किया था। 24 अप्रैल को पीड़ित की बहन ने मामले में शक जताया। उसने बताया कि स्कूटी को मामूली नुकसान हुआ, जबकि प्रदीप की हालत बेहद गंभीर थी। इसी विरोधाभास ने पूरे मामले की दिशा बदल दी और पुलिस ने गहराई से जांच शुरू की।
पति की बाइक दे रखी थी प्रेमी को
जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ी, वैसे-वैसे साजिश की परतें खुलती चली गईं। पुलिस ने मोबाइल कॉल डिटेल, बैंक ट्रांजैक्शन और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की जांच की, जिसमें कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए। जांच में पता चला कि आरोपी महिला ने पति के पैसों से खरीदी गई बाइक अपने प्रेमी को दे रखी थी। वारदात में इस्तेमाल मोबाइल फोन, सिम कार्ड और अन्य डिजिटल सबूत भी बरामद किए गए हैं। पुलिस के मुताबिक आरोपियों ने पूरी प्लानिंग के साथ टक्कर मारकर हत्या को हादसे का रूप देने की कोशिश की थी।
आरोप में पांच लोग गिरफ्तार
इस मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी पत्नी समेत कुल पांच लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। इनमें मुकेश निवासी बादल, जसबीर उर्फ मोंटी, रवि सांगवान और अक्षय शामिल हैं। आरोपी महिला के पास से आईफोन-13 और सिम कार्ड भी बरामद किया गया है। सभी आरोपियों को अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। डीएसपी धीरज कुमार ने बताया कि ये मामला पूरी तरह से योजनाबद्ध हत्या का है, जिसे सड़क दुर्घटना का रूप देने की कोशिश की गई थी। जांच टीम ने हर एंगल से सबूत जुटाए हैं, जिससे कि अदालत में केस मजबूत रहे। आरोपियों को कड़ी सजा दिलाने के लिए पुलिस हर संभव कदम उठा रही है। पुलिस ने मजबूत वैज्ञानिक और तकनीकी साक्ष्य जुटा लिए हैं और अब चार्जशीट तैयार की जा रही है।
