Thursday, 14 Jun, 8.20 pm

दिल्ली
मौसम का कहर : कहीं धूल भरी आंधी, तो कहीं आंधी-पानी से मौत; अगले 48 घंटे खतरनाक

नयी दिल्ली : देश के कुछ इलाकों में मॉनसून के आगाज के साथ ही मौसम ने कहर बरपाना शुरू कर दिया है. मौसम के बदलते करवट की वजह से कहीं लोगों को धूल भरी आंधी का सामना करना पड़ रहा है, तो कहीं आंधी के साथ भारी बारिश की वजह से लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. देश की राजधानी और इसके आसपास के इलाकों में जहां धूल भरी आंधी की वजह से लोगों को सांस लेने में कठिनाई हो रही है, तो से उत्तर प्रदेश में तेज आंधी से करीब 15 लोगों की मौत हो गयी है. वहीं, देश के पूर्वोत्तर राज्य और केरल में करीब आइ लोगों की मौत हो गयी है. वहीं कई लोग लापता बताये जा रहे हैं.

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दिल्ली में वायु गुणवत्ता तीसरे दिन भी खतरनाक स्तर पर

देश की राजधानी दिल्ली में हवा की गुणवत्ता गुरुवार को तीसरे दिन भी खतरनाक स्तर पर है. अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि अगले तीन-चार दिन तक धूल भरी आंधी चल सकती है तथा लोगों को लंबे समय तक घर से बाहर न रहने की सलाह दी गयी है. केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने बताया कि पश्चिमी भारत खासतौर से राजस्थान में धूल भरी आंधी चलने के कारण हवा की गुणवत्ता एकदम खराब हो गयी है. हवा में मोटे कणों की मात्रा बढ़ गयी है.

दिल्ली-एनसीआर में पीएम 10 बढ़ने से हवा में घुटन

दिल्ली-एनसीआर में पीएम 10 (10 मिलीमीटर से कम मोटाई वाले कणों की मौजूदगी) का स्तर 796 और केवल दिल्ली में 830 है, जिससे हवा में घुटन-सी हो गयी है. सीपीसीबी के अनुसार, दिल्ली में कई स्थानों पर वायु गुणवत्ता सूचकांक 500 के निशान से पार है. पूर्वी दिल्ली के आनंद विहार इलाके में गुरुवार सुबह पीएम 10 का स्तर 929 और पीएम 2.5 का स्तर 301 मापा गया. गौरतलब है कि 0 से 50 के बीच के वायु गुणवत्ता सूचकांक को 'अच्छा' माना जाता है, 51-100 के बीच को 'संतोषजनक', 101-200 के बीच को 'मध्यम', 201-300 को 'खराब', 301-400 को 'बहुत खराब' और 401-500 'खतरनाक' माना जाता है. क्षेत्र में चल रही हवा से धूल के कण लगातार वायु में फैल रहे हैं.

दिल्ली में अगले तीन दिन तक चलेगी धूल भरी हवाएं

मौसम विभाग के अनुसार, दिल्ली में गुरुवार को 35 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने का अनुमान है. धूल से भरी हवाओं ने बुधवार से दिल्ली-एनसीआर की आबोहवा में घुटन पैदा कर रखी है. पर्यावरण मंत्रालय ने कहा कि अगले तीन दिन तक धूल भरी हवाएं चलने का अनुमान है. उसने निर्माण एजेंसियों, नगर निगमों और दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति को पानी का छिड़काव सुनिश्चित करने के लिए अलर्ट किया है.

दिल्ली में निर्माण गतिविधियों पर रोक

इस बीच, दिल्ली के उपराज्यपाल अनिल बैजल ने गुरुवार को गंभीर धूल प्रदूषण को कम करने के आपातकालीन उपायों के तहत दिल्ली में सभी सामान्य निर्माण गतिविधियों पर रोक के आदेश दिये. दिल्ली में वायु गुणवत्ता आज लगातार तीसरे दिन 'गंभीर' स्तर पर बनी रही. अधिकारियों ने चेताया कि धूल भरा वातावरण अगले तीन चार दिन तक बने रहने की आशंका है. उन्होंने लोगों को लंबे वक्त तक घर से बाहर नहीं रहने की सलाह दी है. उपराज्यपाल ने ट्वीट किया कि दिल्ली में गंभीर धूल प्रदूषण को देखते हुए मंत्री इमरान हुसैन और अधिकारियों के साथ आपातकालीन बैठक की. 17 जून तक सभी निर्माण गतिविधियों पर रोक जैसे आपातकालीन उपाय किये गये हैं.

हवा में धूल होने के कारण चंडीगढ़ हवाईअड्डे पर उड़ानें रद्द

हवा में धूल की ज्यादा मात्रा होने के कारण चंडीगढ़ अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे पर गुरुवार को दृश्यता कम होने की वजह से कई उड़ानों को रद्द कर दिया गया. इस बीच, मौसम विभाग ने कहा है कि शुक्रवार दोपहर तक ही मौसम में सुधार होने की उम्मीद है. चंडीगढ़ हवाई अड्डा के एक अधिकारी ने कहा कि खराब मौसम के कारण गुरुवार को दोपहर तक चंडीगढ़ से किसी विमान ने ना तो उड़ान भरी और ना ही कोई विमान उतरा.

उत्तर प्रदेश में आंधी की चपेट में आने से 15 की मौत

उत्तर प्रदेश में तेज आंधी की चपेट में आने से 15 लोगों की मौत हो गयी है, जबकि 28 अन्य घायल हो गये. सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि बीते 24 घंटे में आयी आंधी में 15 लोगों की मौत हो गयी. छह लोग सीतापुर में, तीन-तीन गोंडा और कौशांबी में तथा एक-एक व्यक्ति फैजाबाद, हरदोई और चित्रकूट में आंधी का शिकार बने. उन्होंने बताया कि सीतापुर में 17 और फैजाबाद में 11 लोग घायल हो गये.

यूपी में शुक्रवार को भी आ सकती है तेज आंधी के साथ बारिश

इस बीच, मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि राज्य में शुक्रवार को कहीं-कहीं पर जोरदार आंधी आ सकती है. अगले दो दिन में कुछ जगहों पर तेज हवाओं के साथ आंधी पानी की आशंका है. उधर, आंधी से हुई मौतों पर संज्ञान लेते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जिलाधिकारियों को निर्देश दिये हैं कि घायलों का समुचित उपचार सुनिश्चित किया जाए. उन्होंने मृतकों के परिजनों को मुआवजा देने का भी निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि किसी तरह की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जायेगी. प्रवक्ता के अनुसार मौतों पर दु:ख प्रकट करते हुए योगी ने कहा कि राज्य सरकार आंधी से प्रभावित हुए लोगों को हरसंभव मदद देगी. मौसम विभाग ने कहा कि प्रदेश में सबसे अधिक तापमान 44 . 9 डिग्री सेल्सियस आगरा में रहा.

पूर्वोत्तर में मूसलाधार बारिश से चार लोगों की मौत, हजारों बेघर

इसके अलावा, पूर्वोत्तर राज्यों में पिछले 48 घंटों से हो रही मूसलाधार बारिश के कारण त्रिपुरा और मणिपुर में चार लोगों की मौत हो गयी. बारिश के कारण असम में रेल सेवा बाधित हुई है और क्षेत्र में हजारों लोग बेघर हुए हैं. त्रिपुरा में राज्य सरकार ने बचाव अभियानों के लिए केंद्र से सेना और एनडीआरएफ की सहायता मांगी है. राज्य प्रशासन के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि बुधवार को बाढ़ प्रभावित इलाके उनकोटी जिले का दौरा करने वाले मुख्यमंत्री बिप्लब देब ने गुरुवार सुबह राज्य की ' गंभीर स्थिति ' के बारे में केन्द्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह को अवगत कराया.

मणिपुर में बाढ़ की स्थिति को देखते हुए सरकारी कार्यालयों में छुट्टी

त्रिपुरा के पड़ोसी मणिपुर जिले में राज्य सरकार ने बाढ़ की स्थिति को देखते हुए इंफाल और इसके आसपास के जिलों में सभी शैक्षणिक संस्थानों और सरकारी कार्यालयों में शुक्रवार तक 'छुट्टी' की घोषणा कर दी है. सूचना एवं जन संपर्क (आईपीआर) विभाग ने एक विज्ञप्ति में बताया कि मुख्यमंत्री एन बीरेन सिंह ने मूसलाधार बारिश के कारण नदी के तटों को हुए नुकसान के मरम्मत कार्य का व्यक्तिगत रूप से निरीक्षण किया. एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि बुधवार को नदियों में दो लोग डूब गये थे. एक रेलवे अधिकारी ने बताया कि असम में डीमा हसाओ जिले के पांच स्थानों पर भूस्खलन के कारण उत्तर पूर्व सीमांत रेलवे के लुमडिंग-बदरपुर पर्वतीय खंड पर ट्रेन सेवा प्रभावित हुई.

मिजोरम में लगातार भारी बारिश जारी

मिजोरम के कई हिस्सों में गुरुवार को लगातार भारी बारिश जारी है, जिसके कारण राज्य के दक्षिणी हिस्सों के लुंगलेई, लाउनगटलई और सिआहा जिलों का संपर्क देश के शेष हिस्सों से टूट गया है. यह जानकारी राज्य के आपदा प्रबंधन और पुनर्वास (डीएमआर) विभाग के अधिकारियों ने दी है.

केरल में भूस्खलन के बाद चार की मौत, 10 लापता

केरल के कोझीकोड जिले में गुरुवार को सुबह एक सुदूरवर्ती गांव में भूस्खलन में तीन बच्चों समेत चार लोगों की मौत हो गयी तथा कम से कम 10 लोग लापता बताये जा रहे हैं. राज्य के उत्तरी हिस्से में भारी बारिश हो रही है. आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि इसके साथ ही दक्षिण पश्चिम मॉनसून के मई में यहां पहुंचने के बाद से बारिश से जुड़ी घटनाओं में मृतकों की संख्या बढ़कर 27 हो गयी है. उन्होंने कहा कि थामारास्सेरी तालुक के कट्टीपाडा गांव में चार लोगों की मौत हो गयी. लापता लोगों की तलाश के लिए बचाव अभियान चल रहा है.

केरल के कई इलाकों में भारी बारिश और भूस्खलन जारी

सूत्रों ने बताया कि कोझीकोड के अलावा मलप्पुरम, कन्नूर, वायनाड और कासरगोड जिलों में भी भारी बारिश आयी और भूस्खलन हुआ. कई स्थानों खासतौर कोझीकोड-वायनाड मार्ग पर भूस्खलन के बाद वाहनों की आवाजाही बाधित हो गयी. कई सड़कों पर दरारें पड़ गयी है और कुछ सड़कें बह गयी है. कई पहाड़ी क्षेत्रों में बारिश जारी है. यहां आपदा प्रबंधन के लिए राज्य नियंत्रण कक्ष के अधिकारियों ने बताया कि केरल में 270 से अधिक मकान आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हो गये हैं, जबकि आठ मकान पूरी तरह से ढह गये हैं.

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