Dailyhunt Logo
  • Light mode
    Follow system
    Dark mode
    • Play Story
    • App Story
मौलाना शहाबुद्दीन ने समाजवादी पार्टी पर धमकियों का लगाया आरोप, वक्फ अनियमितताओं से संबंधित सबूत पेश किए

मौलाना शहाबुद्दीन ने समाजवादी पार्टी पर धमकियों का लगाया आरोप, वक्फ अनियमितताओं से संबंधित सबूत पेश किए

रेली। अखिल भारतीय मुस्लिम जमात के अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने शुक्रवार को समाजवादी पार्टी (सपा) से जुड़े लोगों से धमकियां मिलने का आरोप लगाया और दावा किया कि उन्होंने वक्फ बोर्ड के स्वामित्व वाली संपत्तियों के प्रबंधन में कथित अनियमितताओं के संबंध में सबूत पेश किए हैं।

मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने आईएएनएस सेकहा, "समाजवादी पार्टी के लोग मुझे डराने-धमकाने और दबाव डालने की कोशिश कर रहे हैं। मैं एक मुसलमान हूं जो अल्लाह में पूरी आस्था रखता है। इसलिए मैं इन खोखली धमकियों से नहीं डरूंगा।"

इस बीच, मुस्लिम धर्मगुरु ने इससे पहले वक्फ बोर्ड की संपत्तियों के दुरुपयोग के संबंध में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखा था।

वक्फ बोर्ड की संपत्तियों के दुरुपयोग का जिक्र करते हुए मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने कहा कि मैंने इसकी (वक्फ संपत्तियों की) जांच की मांग की थी क्योंकि इसमें एक बड़ा घोटाला हुआ है। समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव और उनकी समाजवादी पार्टी के सदस्यों ने सबूत मांगे और दावा किया कि मैं निराधार आरोप लगा रहा हूं और मेरे पास कोई सबूत नहीं है।

उन्‍होंंने कहा कि मैं यह बताना चाहता हूं कि जहां अखिलेश यादव राम मंदिर के दान की चोरी की बात करते हैं। मंदिर दान चोरी केवल 2.5 से 3 करोड़ रुपये थी। वहीं, वक्फ बोर्ड की जमीनों से जुड़ा घोटाला अरबों रुपये का है।

उन्होंने कहा, "आज मैं जिला मजिस्ट्रेट कार्यालय गया और बरेली जिले में दो संपत्तियों के संबंध में सबूत और दस्तावेज प्रस्तुत किए। इनमें बहेड़ी तहसील में 1400 बीघा वक्फ भूमि भी शामिल है, जिसकी बिक्री की जा रही है। मैंने इसके लिए सबूत पेश किए।"

ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के अध्यक्ष ने यह भी दावा किया कि उनके द्वारा प्रस्तुत दूसरा सबूत बरेली के चांदपुर बिचपुरी से है।

उन्होंने कहा, "वहां एक वक्फ संपत्ति बेची गई थी, जिसका आज बाजार मूल्य एक सौ करोड़ रुपये है। इलाके के शहरीकरण के बाद इसकी कीमत बढ़ गई।"

मुस्लिम धर्मगुरु ने दावा किया कि वक्फ की राशि गरीब, अनाथ और विधवा मुसलमानों की मदद के लिए थी। उन्‍होंने कहा, "केवल भ्रष्टाचार हुआ है और लोगों ने अपने स्वार्थ के लिए पैसे का इस्तेमाल किया है।"

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से अपील करते हुए मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने कहा, "मैं मुख्यमंत्री और जिला मजिस्ट्रेट से अपील करता हूं कि वे इन सभी संपत्तियों की जांच कराएं ताकि सच्चाई सामने आए और पैसा गरीब मुसलमानों तक पहुंचे।"

Dailyhunt
Disclaimer: This content has not been generated, created or edited by Dailyhunt. Publisher: Deshbandhu