नगर संवाददाता -नग्गर कुल्लू-मनाली में पर्यटन सीजन अपने चरम पर है। लेकिन पर्यटक नगर कैसल बंद होने से निराश हो रहे हैं। कैसल में मरम्मत का काम जारी है, जिसे पूरा करने में लगभग दो वर्ष लगने का अनुमान है।
दूर-दराज से आए पर्यटक जब गेट पर लगे बंद होने का पोस्टर पढ़ते हैं तो मायूस होकर लौट जाते हैं। हालांकि नग्गर और उसके आसपास कई पर्यटक स्थल मौजूद हैं, लेकिन अधिकतर लोग कैसल देखने की चाह में बाकी स्थानों को छोड़ देते हैं। पर्यटन व्यवसायी संत कुमार शर्मा ने सुझाव दिया कि कैसल के समीप अन्य स्थलों का बोर्ड लगाया जाएए ताकि यहां आने वाले पर्यटकों को स्पष्ट जानकारी और सुविधा मिल सके। उन्होंने यह भी बताया कि नग्गर एक धरोहर गांव है, जहां देश और विदेश से पर्यटक आते हैं। यहां की प्राकृतिक सुंदरता, प्राचीन मंदिर, कला दीर्घाएं, स्थानीय संस्कृति और पारंपरिक वास्तुकला पर्यटकों को आकर्षित करती हैं।
यदि प्रशासन इन स्थलों का प्रचार-प्रसार करे और उचित दिशा-निर्देश लगाए तो पर्यटक अपनी यात्रा का आनंद ले सकेंगे और निराशा कम होगी। नग्गर की संकरी गलियां, लकड़ी से बने पुराने घर और हिमालयी दृश्यों का मनमोहक वातावरण इसे विशेष बनाता है। यहाँ आयोजित होने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रम और स्थानीय व्यंजन भी पर्यटकों को लंबे समय तक याद रहते हैं। इस कारण, नगर कैसल के बंद होने के बावजूद नग्गर का महत्व कम नहीं होता, बल्कि यह गांव अपनी विरासत और प्राकृतिक सौंदर्य से पर्यटकों को बांधे रखता है।

