New Delhi: देश के करोड़ों किसानों के लिए पीएम किसान सम्मान निधि योजना आर्थिक सहारे की तरह है। मार्च 2026 में 22वीं किस्त जारी होने के बाद अब सभी की नजर 23वीं किस्त पर टिकी हुई है।
लेकिन इस बार सरकार ने एक नई शर्त लागू कर दी है, जिससे कई किसानों की किस्त अटक सकती है।
सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि बिना "फार्मर आईडी" के अब अगली किस्त का लाभ मिलना मुश्किल हो सकता है। ऐसे में अगर आपने अभी तक यह प्रक्रिया पूरी नहीं की है, तो तुरंत कदम उठाना जरूरी हो गया है।
किन राज्यों के किसानों पर लागू हुआ नियम?
फिलहाल यह नया नियम देश के 14 राज्यों में सख्ती से लागू किया गया है। इनमें उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र, गुजरात, छत्तीसगढ़, ओडिशा, असम, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु और तेलंगाना शामिल हैं।इन राज्यों के किसानों के लिए किसान आईडी बनवाना अनिवार्य कर दिया गया है। नए पंजीकरण के साथ-साथ पुराने लाभार्थियों को भी इस प्रक्रिया से गुजरना होगा।
क्या है Farmer ID और क्यों जरूरी है?
फार्मर आईडी एक डिजिटल पहचान पत्र है, जिसे सरकार "AgriStack" के तहत विकसित कर रही है। इसका उद्देश्य योजना में पारदर्शिता लाना और फर्जी लाभार्थियों को हटाना है। इस आईडी में किसान की जमीन, फसल, आय और अन्य कृषि से जुड़ी जानकारी दर्ज होती है। इससे सरकार सीधे सही व्यक्ति तक सहायता पहुंचाने में सक्षम होगी।
कैसे बनवाएं किसान आईडी?
किसान आईडी बनवाने के लिए आपको कृषि विभाग के पोर्टल पर जाकर रजिस्ट्रेशन करना होगा। इसके लिए आधार कार्ड, आधार से लिंक मोबाइल नंबर और जमीन के दस्तावेज जरूरी हैं। साथ ही, ई-केवाईसी (e-KYC) पूरा करना भी अनिवार्य है। बिना इसके आपका पंजीकरण अधूरा माना जाएगा।
कब आएगी 23वीं किस्त?
पीएम किसान योजना के तहत हर चार महीने में किस्त जारी की जाती है। नवंबर 2025 में 21वीं और मार्च 2026 में 22वीं किस्त दी गई थी। इसी क्रम में 23वीं किस्त जून या जुलाई 2026 के आसपास आने की संभावना है। लेकिन इस बार केवल उन्हीं किसानों को लाभ मिलेगा, जिन्होंने सभी जरूरी प्रक्रियाएं पूरी कर ली हैं।
समस्या होने पर कहां करें संपर्क?
अगर आपको रजिस्ट्रेशन या भुगतान में कोई समस्या आ रही है, तो सरकार ने हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं। इसके अलावा किसान, pmkisan-ict@gov.in पर ईमेल के जरिए भी शिकायत दर्ज करा सकते हैं।

