Raebareli: उत्तर प्रदेश के 1.43 लाख शिक्षामित्रों के मानदेय में की गई वृद्धि के उपलक्ष्य में प्रदेश व्यापी उत्सव का माहौल रहा। गोरखपुर में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मौजूदगी में आयोजित मुख्य कार्यक्रम के क्रम में, रायबरेली के गोपाल सरस्वती इण्टर कॉलेज में जनपद स्तरीय 'शिक्षामित्र सम्मान समारोह' का भव्य आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में उपस्थित अतिथियों ने सरकार के इस निर्णय को ऐतिहासिक बताया।
शिक्षामित्रों को मिला सम्मान और सौगात
समारोह का शुभारम्भ राज्यमंत्री दिनेश प्रताप सिंह, सदर विधायक अदिति सिंह, सलोन विधायक अशोक कुमार और जिलाधिकारी सरनीत कौर ब्रोका ने दीप प्रज्जवलित कर किया। इस दौरान मुख्यमंत्री के संबोधन का सजीव प्रसारण (Live Telecast) देखा गया। जनपद के 2,093 शिक्षामित्रों को बढ़े हुए मानदेय का लाभ मिला है। कार्यक्रम में सांकेतिक रूप से 16 शिक्षामित्रों को डमी चेक प्रदान किए गए, जबकि उत्कृष्ट कार्य करने वाले 39 शिक्षामित्रों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।
स्मार्ट मीटर के फैसले पर सरकार का रुख
प्रदेश कैबिनेट द्वारा प्रीपेड स्मार्ट मीटर को पुनः पोस्टपेड में बदलने के फैसले पर राज्यमंत्री दिनेश प्रताप सिंह ने कहा कि सरकार उपभोक्ताओं को राहत देने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि स्मार्ट मीटर में आ रही तकनीकी गड़बड़ियों और जनता की शिकायतों को देखते हुए योगी सरकार ने यह पारदर्शी फैसला लिया है। सदर विधायक अदिति सिंह ने भी इस कदम का स्वागत करते हुए इसे जनहित में लिया गया बड़ा निर्णय बताया।
महिला आरक्षण और बंगाल चुनाव पर प्रहार
पश्चिम बंगाल चुनाव के नतीजों का जिक्र करते हुए राज्यमंत्री और सदर विधायक ने विपक्षी दलों पर निशाना साधा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बयान का समर्थन करते हुए दिनेश प्रताप सिंह ने कहा कि महिला आरक्षण बिल का विरोध करने वालों को महिलाओं ने आईना दिखा दिया है। वहीं, अदिति सिंह ने कहा कि आधी आबादी का सम्मान सर्वोपरि है और जो लोग महिलाओं के हक का विरोध करेंगे, उन्हें ऐसे ही परिणाम भुगतने होंगे।
प्रशासनिक अधिकारियों की रही उपस्थिति
कार्यक्रम में मुख्य विकास अधिकारी अंजूलता, अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) सिद्धार्थ, अपर पुलिस अधीक्षक आलोक सिंह, एसडीएम सचिन यादव और जिला विद्यालय निरीक्षक संजीव कुमार सिंह सहित भारी संख्या में शिक्षामित्र और भाजपा पदाधिकारी उपस्थित रहे।

