अगर आप बिना जोखिम के अपने पैसे को सुरक्षित तरीके से दोगुना करना चाहते हैं, तो पोस्ट ऑफिस की किसान विकास पत्र (Kisan Vikas Patra - KVP) स्कीम आपके लिए एक बेहतर विकल्प हो सकती है। फिलहाल 7.5% सालाना ब्याज के साथ यह स्कीम तय समय में पैसा डबल करने का भरोसा देती है।
सवाल यह है कि अगर आप इसमें 5 लाख रुपये निवेश करते हैं, तो आपका पैसा कितने समय में डबल यानी 10 लाख रुपये हो जाएगा। पोस्ट ऑफिस स्कीम में पैसा लगाने के बाद कितना इंतजार करना होगा। इस दौरान आपको किन बातों का ध्यान रखना चाहिए। यहां डिटेल देखें..
कितने समय पैसा होगा डबल
दरअसल, किसान विकास पत्र एक सरकारी गारंटी वाली स्मॉल सेविंग स्कीम है, जिसे 1988 में इंडिया पोस्ट ने शुरू किया था। इस स्कीम में आप एक साथ बड़ी रकम निवेश करते हैं और तय अवधि पूरी होने पर आपकी रकम डबल हो जाती है। मौजूदा ब्याज दर 7.5% के हिसाब से निवेश को डबल होने में 115 महीने यानी करीब 9 साल 5 महीने लगते हैं। इसका मतलब साफ है कि अगर आपने आज 5 लाख रुपये लगाए, तो करीब 9 साल 5 महीने बाद यह रकम बढ़कर 10 लाख रुपये हो जाएगी। यही इस स्कीम की सबसे बड़ी खासियत है कि इसमें रिटर्न पहले से तय होता है और बाजार के उतार-चढ़ाव का कोई असर नहीं पड़ता।
पैसा लगाने से पहले ये भी जानें
- इस योजना में मिनिमम निवेश 1000 रुपये से शुरू होता है और अधिकतम निवेश की कोई सीमा नहीं है। यानी निवेशक कितनी भी रकम इस गारंटीड रिटर्न वाली सरकारी स्कीम में रख सकता है।
- हालांकि 50,000 रुपये से ज्यादा निवेश पर पैन कार्ड जरूरी होता है और 10 लाख या उससे अधिक निवेश पर आय का प्रमाण देना पड़ता है।
- एक और खास बात यह है कि आप इस स्कीम को ढाई साल यानी 2.5 साल बाद भी समय से पहले बंद कर सकते हैं, लेकिन पूरा फायदा तभी मिलेगा जब आप इसे मैच्योरिटी तक बनाए रखें।
- टैक्स के लिहाज से इसमें मिलने वाला ब्याज टैक्सेबल होता है और इस पर हर साल टीडीएस भी कटता है। साथ ही, यह स्कीम सेक्शन 80C के तहत टैक्स छूट नहीं देती, लेकिन आप इसे गिरवी रखकर लोन जरूर ले सकते हैं।
KVP : कौन कर सकता है निवेश
- निवेश की बात करें तो 18 साल से ऊपर का कोई भी भारतीय नागरिक इसमें निवेश कर सकता है।
- नाबालिग के नाम पर भी खाता खोला जा सकता है, लेकिन एनआरआई और एचयूएफ इसमें निवेश नहीं कर सकते।
आवेदन प्रक्रिया भी काफी आसान है। आपको पोस्ट ऑफिस में फॉर्म भरकर आधार, पैन और एड्रेस प्रूफ के साथ जमा करना होता है। इसके बाद आपको एक सर्टिफिकेट मिलता है, जिसमें निवेश और मैच्योरिटी की पूरी जानकारी होती है।
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