Dailyhunt Logo
  • Light mode
    Follow system
    Dark mode
    • Play Story
    • App Story
चार शुभ संयोग में प्रारंभ होगा सावन : आयुष्मान व सौभाग्य योग संग श्रवण नक्षत्र

चार शुभ संयोग में प्रारंभ होगा सावन : आयुष्मान व सौभाग्य योग संग श्रवण नक्षत्र

रायपुर। इस साल सावन का शुभारंभ 30 जुलाई से हो रहा है। पंचांग के अनुसार, 29 जुलाई को रात 8 बजकर 5 मिनट से सावन माह के कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा तिथि शुरू हो रही है। 30 जुलाई को रात 9 बजकर 30 मिनट तक विद्यमान रहेगी।

उदयातिथि के अनुसार, सावन कृष्ण प्रतिपदा 30 जुलाई को है। इस बार सावन माह की शुरुआत 4 शुभ संयोग में हो रही है। सावन के पहले दिन आयुष्मान योग, श्रवण नक्षत्र, सौभाग्य योग और गुरुवार व्रत है।

आयुष्मान योग
सावन के पहले दिन प्रातःकाल में आयुष्मान योग बन रहा है, जो देर रात 12:05 ए एम तक बना रहेगा। आयुष्मान योग व्यक्ति को उत्तम सेहत, आयु प्रदान करता है। इस शुभयोग में आप शिव पूजा करेंगे तो आपको आरोग्य की प्राप्ति होगी।

सौभाग्य योग
सावन कृष्ण प्रतिपदा तिथि में सौभाग्य योग भी बन रहा है, जो 30 जुलाई मध्यरात्रि पश्चात 31 जुलाई की रात्रि 12 बजकर 5 से लेकर देर रात 11 बजकर 54 मिनट तक रहेगा। यह योग सुख और भाग्य में वृद्धि करने वाला है।]

गुरुवार व्रत
सावन की शुरूआत गुरुवार दिन से हो रही है। गुरुवार के दिन व्रतधारी भगवान विष्णु की पूजा करते हैं। सावन में प्रत्येक दिन शिव पूजन होता है। ऐसे में सावन के पहले दिन भगवान शिव और भगवान विष्णु की पूजा का उत्तम अवसर है।

श्रवण नक्षत्र
सावन कृष्ण प्रतिपदा के दिन श्रवण नक्षत्र है।
श्रवण नक्षत्र के स्वामी ग्रह चंद्रमा हैं, वहीं श्रवण नक्षत्र के देवता भगवान विष्णु हैं। यह नक्षत्र मकर राशि में स्थित होता है। ऐसे में इसमें चंद्रमा और शनि की ऊर्जा होती है।

संपूर्ण माह कर सकते हैं रूद्राभिषेक
रुद्राभिषेक भगवान शिव की सबसे प्रभावशाली पूजा विधियों में से एक मानी जाती है। मान्यता है कि रूद्राभिषेक करने या कराने से ग्रह दोष शांत होते हैं, जीवन की बाधाएं दूर होती हैं, मानसिक शांति मिलती है और सुख-समृद्धि का आशीर्वाद प्राप्त होता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार पूरे सावन माह में शिव का विशेष वास माना जाता है, इसलिए इस पूरे महीने किसी भी दिन रूद्राभिषेक कराया जा सकता है। हालांकि सावन सोमवार, सावन शिवरात्रि और प्रदोष व्रत की तिथियां विशेष रूप से शुभ मानी जाती हैं।

इस वर्ष चार सावन सोमवार

  • 3 अगस्त- प्रथम सावन सोमवार
  • 10 अगस्त - द्वितीय सावन सोमवार एवं सोम प्रदोष व्रत
  • 11 अगस्त - सावन शिवरात्रि
  • 17 अगस्त - तृतीय सावन सोमवार एवं नाग पंचमी
  • 24 अगस्त - चतुर्थ सावन सोमवार
  • 25 अगस्त- सावन भौम प्रदोष व्रत
  • 27 अगस्त - सावन पूर्णिमा

(छत्तीसगढ़ के जिले, कस्बे और गांवों की खबरों के लिए हरिभूमि का "ई-पेपर" पढ़ें। यहां क्लिक करें "epaper haribhoomi" या प्लेस्टोर से "हरिभूमि हिंदी न्यूज़" App डाउनलोड करें।)

Uma Ghritlahare

Dailyhunt
Disclaimer: This content has not been generated, created or edited by Dailyhunt. Publisher: Haribhoomi