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विदिशा : उप संचालक कृषि ने उर्वरक वितरण व्यवस्था का जायजा लिया

विदिशा : उप संचालक कृषि ने उर्वरक वितरण व्यवस्था का जायजा लिया

06 जुलाई2026, विदिशा: विदिशा : उप संचालक कृषि ने उर्वरक वितरण व्यवस्था का जायजा लिया - खरीफ वर्ष 2026 की तैयारियों को गति देने के उद्देश्य से कृषि विभाग द्वारा जिले में लगातार क्षेत्रीय भ्रमण, सोसायटी निरीक्षण तथा किसानों के बीच उन्नत बीज वितरण कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।

उपसंचालक कृषि श्री सचिन जैन ने गुरुवार को विकासखंड नटेरन के ग्राम एंचदा स्थित प्राथमिक कृषि साख सहकारी समिति (सोसायटी) का निरीक्षण कर उर्वरक वितरण व्यवस्था का जायजा लिया।

निरीक्षण के दौरान उन्होंने सोसायटी में उपलब्ध उर्वरक स्टॉक एवं गोदाम की व्यवस्थाओं का अवलोकन किया। उन्होंने समिति प्रबंधक को निर्देश दिए कि किसानों को उर्वरक का वितरण केवल ई-टोकन प्रणाली के माध्यम से किया जाए तथा वितरण प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और सुव्यवस्थित रहे। उन्होंने कहा कि किसी भी किसान को अनावश्यक परेशानी या प्रतीक्षा का सामना नहीं करना पड़े तथा सभी पात्र किसानों को समय पर उर्वरक उपलब्ध कराया जाए।

इसी क्रम में ग्राम आमखेड़ा कालू में कृषि विभाग द्वारा आईटीसी ई-चौपाल के सहयोग से उड़द मिनीकिट बीज वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी श्री जगदीश गुर्जर ने किसानों को उच्च गुणवत्ता वाले उड़द बीज वितरित किए। इस अवसर पर क्षेत्रीय कृषि विस्तार अधिकारी श्री राघवेंद्र अहिरवार, आईटीसी के श्री मनोज शर्मा, जिला पंचायत प्रतिनिधि, सरपंच, जनपद सदस्य एवं बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे।

अधिकारियों ने बताया कि खरीफ सीजन की समय पर बुवाई सुनिश्चित करने तथा उड़द की उत्पादकता बढ़ाने के उद्देश्य से किसानों को गुणवत्तायुक्त बीज उपलब्ध कराया जा रहा है। इससे उत्पादन में वृद्धि होने के साथ किसानों की आय बढ़ाने में भी सहायता मिलेगी।कार्यक्रम के दौरान किसानों को खरीफ फसलों की उन्नत कृषि तकनीकों की विस्तृत जानकारी दी गई। उन्हें बुवाई से पूर्व बीजोपचार, अनुशंसित किस्मों का चयन, समय पर बुवाई, मृदा परीक्षण के आधार पर संतुलित उर्वरक उपयोग तथा खेतों में जल निकास की समुचित व्यवस्था बनाए रखने की सलाह दी गई।

कृषि वैज्ञानिकों एवं अधिकारियों ने समेकित कीट एवं रोग प्रबंधन (आईपीएम), खरपतवार नियंत्रण, मौसम आधारित कृषि सलाह तथा वैज्ञानिक खेती की आधुनिक तकनीकों को अपनाने पर विशेष बल दिया। उन्होंने बताया कि आधुनिक तकनीकों के उपयोग से उत्पादन लागत कम होती है, फसल की गुणवत्ता में सुधार आता है तथा किसानों को अधिक आर्थिक लाभ प्राप्त होता है।

कृषि विभाग ने किसानों से शासन की विभिन्न कृषि योजनाओं का अधिकाधिक लाभ लेने तथा तकनीकी मार्गदर्शन के लिए अपने क्षेत्र के कृषि विस्तार अधिकारियों से नियमित संपर्क बनाए रखने का आग्रह किया। कार्यक्रम में उपस्थित किसानों ने समय पर गुणवत्तायुक्त बीज उपलब्ध कराने और तकनीकी मार्गदर्शन प्रदान करने के लिए कृषि विभाग का आभार व्यक्त करते हुए विश्वास जताया कि इस पहल से खरीफ सीजन की बुवाई समय पर एवं बेहतर ढंग से संपन्न होगी और उत्पादन में उल्लेखनीय वृद्धि होगी।



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