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Bihar News: चिकित्सा आपके द्वार अभियान शुरू, 30 से अधिक उम्र वालों की होगी मेडिकल चेकअप

Bihar News: चिकित्सा आपके द्वार अभियान शुरू, 30 से अधिक उम्र वालों की होगी मेडिकल चेकअप

Lagatar 6 days ago

Patna News: बिहार में 30 वर्ष और इससे अधिक उम्र के लोगों के स्वास्थ्य जांच की पहल सरकार ने की है. इसको लेकर राज्य सरकार ने 'जांच एवं उपचार-चिकित्सा आपके द्वार'अभियान का शुभारंभ किया है.

इस अभियान के तहत बुधवार को सीएम सम्राट चौधरी ने 38 जिलों में जागरूकता रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया. यह अभियान 30 नवंबर तक गांव, पंचायत और घरों तक पहुंचेगी और 30 साल से ऊपर वाले व्यक्तियों का हेल्थ चेकअप किया जाएगा. घर-घर स्क्रीनिंग से बीमारियों की शुरुआती पहचान होगी.

चिकित्सा आपके द्वार अभियान पूरे बिहार में चलाया जाएगा. इसके लिए राज्य के 38 जिलों के करीब 15 हजार 500 स्वास्थ्य केंद्रों को जोड़ा गया है. सरकार का लक्ष्य 30 वर्ष से अधिक उम्र की आबादी की स्वास्थ्य जांच कर उसका डिजिटल रिकॉर्ड तैयार करना है. इससे लोगों में गंभीर बीमारियों की पहचान शुरुआती स्तर पर हो सकेगी.

स्वास्थ्य विभाग की टीमें गांव-गांव जाकर 30 साल के व्यक्तियों की डायबिटीज, ब्लड प्रेशर, कैंसर, हृदय रोग, सांस और फेफड़ों से जुड़ी बीमारियां, फैटी लिवर, टीबी समेत अन्य बिमारियों की जांच की जाएगी. जांच में बिमारी मिलने पर मरीज को दवा, डॉक्टर की सलाह, इलाज और जरूरत पड़ने पर रेफरल की सुविधा दी जाएगी.

'जांच एवं उपचार-चिकित्सा आपके द्वार' अभियान को लेकर आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि बिहार के करीब 6 करोड़ लोगों की हेल्थ स्क्रीनिंग करना है. इसमें 30 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों को शामिल किया जाएगा.

उन्होंने कहा कि सिर्फ जांच करना ही लक्ष्य नहीं है. हर व्यक्ति की बीमारी और इलाज से जुडी जानकारी का रिकॉर्ड भी रखा जाएगा. स्वास्थ्य मंत्री की ओर से इसे डिजिटल फॉर्म में तैयार करने की योजना पर काम किया जा रहा है. सीएम ने कहा कि किसी व्यक्ति को शुगर है, किसे टीबी है या किसे कैंसर जैसी बीमारी है, इसका पूरा रिकॉर्ड स्वास्थ्य विभाग के पास होना चाहिए. इस जानकारी को आभा आईडी से जोड़ने की दिशा में काम किया जाएगा.

सीएम ने महिलाओं में एनीमिया की समस्या का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा कि सरकारी रिपोर्ट के अनुसार बिहार 63 प्रतिशत से अधिक महिलाओं में एनीमिया पाया गया है.

सरकार करीब एक करोड़ महिलाओं और बच्चियों की जांच करने की दिशा में काम कर रही है. इसके जरिए एनीमिया समेत दूसरी स्वास्थ्य समस्याओं की पहचान और उपचार किया जाएगा.

सीएम ने आगे बताया कि आने वाले समय में 'मिशन कायाकल्प' शुरू किया जाएगा. इसका उद्देश्य गांवों में मौजूद अस्पतालों और अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों की व्यवस्था को बेहतर करना है. अस्पतालों में जहां भी कमी होगी, उसे दूर करने पर जोर दिया जाएगा.

उन्होंने कहा कि बिहार को स्वस्थ रखना सरकार की प्राथमिकता है. स्वस्थ बिहार ही विकास की रफ्तार को आगे बढ़ा सकता है.

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