Bokaro: विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर 9 अगस्त को आयोजित होने वाले बोकारो आदिवासी महोत्सव की तैयारियों को लेकर मंगलवार को समाहरणालय स्थित कार्यालय कक्ष में उपायुक्त अजय नाथ झा की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित की गई.
आदिवासी महोत्सव के तैयारी की डीसी ने की समीक्षा
बैठक में उप विकास आयुक्त शताब्दी मजूमदार, प्रशिक्षु आईएएस अरविंद राधाकृष्णन, अपर समाहर्ता सुनील चंद्र, डीटीओ मारुति मिंज, जिला शिक्षा पदाधिकारी प्रवीण रंजन, सिटी डीएसपी राजीव रंजन, जिला शिक्षा अधीक्षक अतुल कुमार चौबे, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी सुमन गुप्ता, जिला कल्याण पदाधिकारी सुचिता किरण, जिला खेल पदाधिकारी हेमलता बून, सहायक जनसंपर्क पदाधिकारी अविनाश कुमार सिंह सहित संबंधित विभागों के पदाधिकारी उपस्थित थे.
बैठक में महोत्सव के आयोजन की विस्तृत रूपरेखा पर चर्चा करते हुए उपायुक्त ने निर्देश दिया कि कार्यक्रम को जनजातीय समाज की समृद्ध संस्कृति, परंपरा एवं विरासत के अनुरूप आकर्षक एवं गरिमामय स्वरूप प्रदान किया जाए.
उन्होंने आयोजन में फाइन आर्ट्स प्रदर्शनी, सांस्कृतिक कार्यक्रम, पारंपरिक जनजातीय वाद्ययंत्रों की प्रस्तुति, जनजातीय कला एवं शिल्प प्रदर्शनी, लाइव पेंटिंग, ट्रेडिशनल फूड स्टॉल, आदिवासी हस्तकला की प्रदर्शनी तथा अन्य जनजातीय थीम आधारित गतिविधियों को शामिल करने का निर्देश दिया.
बैठक में निर्णय लिया गया कि बोकारो आदिवासी महोत्सव का आयोजन टाउन हॉल स्थित शिबू सोरेन स्मृति भवन सभागार में किया जाएगा. कार्यक्रम के सफल आयोजन हेतु विभिन्न विभागों के पदाधिकारियों को अलग-अलग दायित्व सौंपे गए. उपायुक्त ने सभी संबंधित अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ निर्धारित समय-सीमा में तैयारियां पूर्ण करने का निर्देश दिया.
उपायुक्त ने कहा कि यह महोत्सव केवल एक सांस्कृतिक आयोजन नहीं, बल्कि बोकारो में निवासरत प्रत्येक जनजातीय समुदाय की समृद्ध सांस्कृतिक पहचान, गौरवशाली विरासत और लोकजीवन का उत्सव होगा.
महोत्सव के माध्यम से जिले के विभिन्न जनजातीय समुदायों की सांस्कृतिक विविधता को एक मंच पर प्रस्तुत किया जाएगा, जिससे आमजन को उनकी परंपराओं, कला, संस्कृति और जीवन मूल्यों को निकट से जानने और समझने का अवसर मिलेगा. साथ ही स्थानीय कलाकारों, शिल्पकारों एवं लोक कलाकारों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के लिए एक सशक्त मंच भी उपलब्ध होगा.

