Dhanbad News : धनबाद के धैया ठाकुरकुल्ही निवासी 32 वर्षीय मिथलेश रजक की नगर निगम का कचरा ढोने वाले टीपर की चपेट में आने से मौत हो गई. घटना के बाद आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने नगर निगम कार्यालय के पास शव रखकर प्रदर्शन किया और सड़क जाम कर दी.
बाद में सांसद ढुल्लू महतो की पहल पर मृतक के आश्रित को 2 लाख रुपये मुआवजा व नियोजन मिला. इसके बाद सड़क जाम समाप्त हुआ.
मिली जानकारी के अनुसार, घटना की सूचना मिलते ही सांसद ढुल्लू महतो मौके पर पहुंचे और मृतक के परिजनों से मुलाकात कर पूरे मामले की जानकारी ली. इसके बाद उन्होंने नगर निगम गेट के सामने रेमकी कंपनी के अधिकारियों के साथ वार्ता की. उन्हें मृतक के आश्रित को कंपनी में नियोजन व मुआवजा देने का निर्देश दिया. वार्ता में नियोजन व दो लाख रुपये मुआवजा देने पर सहमति बनी.
मांगों पर सहमति बनने के बाद मृतक के परिजनों ने सड़क से शव हटा लिया और जाम समाप्त कर दिया.इसके बाद आवागमन सामान्य हो गया. परिजन शव को अंतिम संस्कार के लिए लेकर चले गए.
ज्ञात हो कि 25 अगस्त की दोपहर करीब तीन बजे मिथलेश रजक अपने घर जा रहे थे. इसी दौरान ठाकुरकुल्ही गली में नगर निगम का टीपर संख्या JH 10BZ-9279 पीछे की ओर बैक किया जा रहा था.
सड़क जाम जाम करते लोग.
इसी दौरान मिथलेश वाहन की चपेट में आ गए और गंभीर रूप से घायल हो गए. आनन-फानन में उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान गुरुवार को उनकी मौत हो गई. मिथलेश कपड़ा धुलाई का काम कर अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे.
परिजनों के अनुसार मिथलेश परिवार के इकलौते कमाने वाले सदस्य थे.परिजनों ने टीपर चालक पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए आश्रित को उचित मुआवजा व नियोजन देने की मांग पर अड़ गए.
घटना की जानकारी मिलने के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण और मृतक के परिजन नगर निगम कार्यालय के पास जुट गए और शव रखकर प्रदर्शन करते हुए सड़क जाम कर दी. प्रदर्शनकारियों ने मेयर संजीव सिंह के खिलाफ नारेबाजी भी की और उन्हें मौके पर बुलाने की मांग की.
प्रदर्शनकारियों का कहना था कि मिथलेश की मौत से परिवार के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है. परिवार के एकमात्र कमाने वाले सदस्य की मौत के बाद उनके बच्चों और आश्रितों के भविष्य को लेकर चिंता है. लोगों ने मांग की कि नगर निगम मृतक के परिवार को उचित मुआवजा और आश्रित को नियोजन देने की दिशा में तत्काल पहल करे.

