Dailyhunt Logo
  • Light mode
    Follow system
    Dark mode
    • Play Story
    • App Story
मनपा के होटल वेस्ट ठेके में भी गडबडियां

मनपा के होटल वेस्ट ठेके में भी गडबडियां

* मामले की जांच और ठेका निरस्त करने की मांगअमरावती/दि.6 -पहले से ही सफाई ठेके व मनुष्यबल ठेके में भारी गडबडियां होने के आरोप की वजह से चर्चा एवं विवादों में घिरी रहनेवाली अमरावती महानगरपालिका के होटल वेस्ट (खाद्य अपशिष्ट) संग्रहण एवं निस्तारण के ठेके को लेकर गंभीर अनियमितताओं के आरोप सामने आए हैं.

इस संदर्भ में 'टेक्निक इन' के संचालक ने महानगरपालिका आयुक्त को ज्ञापन सौंपकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, कथित अनियमितताओं पर कार्रवाई करने तथा वर्तमान ठेका निरस्त करने की मांग की है. ज्ञापन की प्रतिलिपि विभागीय आयुक्त और जिलाधिकारी को भी भेजी गई है.
'टेक्निक इन' की ओर से मनपा आयुक्त को सौंपे गए निवेदन में बताया गया कि, खुद 'टेक्निक इन' ने भी वर्ष 2023 में होटल वेस्ट का टेंडर भरा था. इसके बावजूद उन्हें किसी प्रकार की सूचना दिए बिना तत्कालीन आयुक्त द्वारा गोविंदा सफाई कामगार नागरिक सेवा सहकारी संस्था के साथ ठेका करार कर दिया गया. उनका कहना है कि संबंधित संस्था के पास टेंडर की शर्तों के अनुरूप आवश्यक संसाधन एवं उपकरण उपलब्ध नहीं थे, फिर भी उसे कार्य सौंप दिया गया.
ज्ञापन में 'टेक्निक इन' ने यह भी आरोप लगाया गया है कि अमरावती शहर के 200 से अधिक होटल, मेस, उपहारगृह और खानावलों से प्रतिमाह 1,500 रुपये से अधिक की राशि वसूली जा रही है. आवेदक के अनुसार, इस वसूली से हर महीने लगभग 4 लाख रुपये से अधिक की आय होने का अनुमान है. उन्होंने मांग की है कि ठेका शुरू होने से अब तक महानगरपालिका को कितनी रॉयल्टी जमा की गई, इसका पूरा रिकॉर्ड सार्वजनिक किया जाए तथा वित्तीय लेन-देन की जांच कराई जाए. साथ ही ज्ञापन में यह भी आरोप लगाया है कि कुछ रसीद पुस्तिकाएं जानबूझकर गायब कर दी गई हैं और उनकी जगह डुप्लीकेट रसीद पुस्तिकाओं के माध्यम से वसूली की जा रही है. इस कारण राजस्व में गड़बड़ी और वित्तीय अनियमितताओं की आशंका जताई गई है.
'टेक्निक इन' की ओर से ज्ञापन में यह भी कहा गया है कि होटल वेस्ट का निस्तारण महानगरपालिका के निर्धारित डंपिंग ग्राउंड में किया जाना चाहिए, लेकिन ऐसा नहीं किया जा रहा. आरोप है कि होटल वेस्ट का अवैध रूप से अन्यत्र निस्तारण अथवा बिक्री की जा रही है, जिससे नियमों का उल्लंघन हो रहा है और नगर निगम को आर्थिक नुकसान पहुंच रहा है. उपरोक्त आरोप लगाने के साथ-साथ 'टेक्निक इन' ने मांग की है कि पूरे मामले की उच्चस्तरीय एवं निष्पक्ष जांच कराई जाए, ठेके की सभी शर्तों और रॉयल्टी भुगतान का ऑडिट कराया जाए, दोषी पाए जाने वालों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की जाए तथा यदि अनियमितताएं सिद्ध होती हैं तो वर्तमान ठेका तत्काल निरस्त किया जाए.

Dailyhunt
Disclaimer: This content has not been generated, created or edited by Dailyhunt. Publisher: Mandal News