Dailyhunt
नागपुर DPC में 'कुर्सी' की जंग! ₹1,200 करोड़ पर कब्जा जमाने महायुति के दिग्गजों ने लगाई 'फिल्डिंग'

नागपुर DPC में 'कुर्सी' की जंग! ₹1,200 करोड़ पर कब्जा जमाने महायुति के दिग्गजों ने लगाई 'फिल्डिंग'

District Planning Committee Nagpur Fund: राजनीतिक पार्टियों में चुनाव के समय उम्मीदवारी के लिए इच्छुक कार्यकर्ता अपनी फिल्डिंग लगाता है। अब सारे चुनाव हो चुके हैं और महामंडलों पर नियुक्तियों के लिए सत्ताधारी पार्टियों के पदाधिकारी दम लगा रहे हैं।

इसी के साथ जिला नियोजन समिति में सदस्यता पाने के लिए भी महायुति में शामिल तीनों दल भाजपा, राकां अजीत पवार गुट और शिवसेना शिंदे गट के पदाधिकारी फिल्डिंग लगा रहे हैं।

जिले की बात करें तो इस बार सीएम देवेन्द्र फडणवीस ने जिले को 1,200 करोड़ रुपयों की निधि डीपीसी के माध्यम से दी है। जिले के सारे विधायक तो डीपीसी के विशेष निमंत्रित सदस्य होते हैं लेकिन इस पर 20 सदस्यों वाले लघुगट की नियुक्ति सरकार द्वारा की जाती है।

सही अर्थों में यही लघुगट डीपीसी संचालित करता है। इस गट में 2 विधायक या सांसद, 2 विशेषज्ञ सदस्य और अन्य 16 सदस्यों की नियुक्ति होती है। इसी के लिए सभी पार्टी के पदाधिकारी अपने-अपने नेताओं तक 'फिल्डिंग' लगा रहे हैं।

पालक मंत्री ने सीएम को सौंप दी है सूची

जानकारी तो यह मिली है कि भले की डीपीसी की सदस्यता पाने के लिए भाजपा सहित दोनों दलों के अनेक पदाधिकारी व कार्यकर्ता फिल्डिंग लगा रहे हों लेकिन पालक मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने सदस्यों वाली एक गोपनीय सूची मुख्यमंत्री व वित्त मंत्री देवेन्द्र फडणवीस को सौंप दी है।

इस सूची में भाजपा विधायक आशीष देशमुख, पूर्व विधायक सुधाकर कोहले, राजीव पोतदार, वरिष्ठ पदाधिकारी अनिल निधान, धनंजय बापट, संदीप सरोदे, शिरीष मेश्राम, आदर्श पटले, पूर्व जिप सभापति उकेश चव्हाण, कांग्रेस से भाजपा में आए गज्जू यादव सहित कुछ अन्य सदस्यों के नाम शामिल हैं। ये सभी नाम जिले से हैं, जबकि शहर से जिनके नाम सूची में शामिल हैं उसमें खास गोपनीयता बरती जा रही है।

सहयोगी दलों से 11 नाम

महायुति में सरकार में शामिल शिंदे सेना की ओर से 6 नाम भेजे जाने की जानकारी मिली है जिनमें राजेन्द्र हरणे, सूरज गोजे, अनिता जाधव का नाम शामिल बताया जा रहा है। वहीं राकां अजीत पवार गुट से पूर्व जिलाध्यक्ष बाबा गूजर, वर्तमान शहर अध्यक्ष अनिल अहिरकर, नरेश अडसड सहित 5 नामों की सिफारिश की गई है। सभी अपने आला नेताओं से जुगाड़ लगाने का प्रयास कर रहे हैं। किसकी किस्मत का ताला खुलता है यह देखने वाली बात होगी।

Dailyhunt
Disclaimer: This content has not been generated, created or edited by Dailyhunt. Publisher: NavaBharat