पटना: बिहार सरकार राज्य के अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग के मेधावी छात्र-छात्राओं के लिए बिना फीस कोचिंग यानि फ्री कोचिंग योजना चला रही है। इस योजना के तहत प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता दिलाने के लिए राज्य में कई एग्जामिनेशन ट्रेनिंग सेंटर (परीक्षा प्रशिक्षण केंद्र) चला रही है।
एससी-एसटी कल्याण विभाग की ओर से संचालित इस केंद्र में संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी), बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) सहित अन्य कई तरह की प्रतियोगी परीक्षाओं की कोचिंग दी जाती है, वो भी पूरी तरह फ्री। फ्री कोचिंग के जरिए परीक्षार्थियों को गुणवत्तापूर्ण कोचिंग और मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जा रहा है। ताकि अभ्यर्थी सरकारी नौकरियों की होने वाली परीक्षाओं में अच्छा प्रदर्शन कर जॉब हासिल कर सकें।
पिछले साल फ्री कोचिंग से 91 परीक्षार्थियों को मिली सफलता
इन 10 जिलों में चल रहे हैं विशेष प्रशिक्षण केंद्र
प्रबंधन के लिए भी विशेष सुविधा
कौन कर सकता है आवेदन? (पात्रता शर्तें)
- स्थायी निवास: अभ्यर्थी का बिहार का स्थायी निवासी होना अनिवार्य है।
- आय सीमा: अभ्यर्थी के पूरे परिवार की वार्षिक आय 3 लाख रुपये से कम होनी चाहिए।
- वर्ग: यह सुविधा केवल अनुसूचित जाति (SC) और अनुसूचित जनजाति (ST) वर्ग के छात्रों के लिए है।

