सुमित शर्मा, कानपुर: उत्तर प्रदेश के कानपुर में खाद्य सुरक्षा एवं औषधि विभाग ने मिलावटी मसालों के बड़े कारोबार का खुलासा किया है। पनकी क्षेत्र स्थित एक फैक्ट्री में छापेमारी के दौरान अधिकारियों ने ऐसी सामग्री बरामद की, जिससे आशंका जताई जा रही है कि चावल के टुकड़ों और रंग की मदद से नकली हल्दी तैयार कर बाजार में बेची जा रही थी।
कार्रवाई के दौरान करीब 5.86 लाख रुपये का संदिग्ध स्टॉक जब्त किया गया है। साथ ही फर्म का लाइसेंस निलंबित करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।
पनकी की फैक्ट्री पर खाद्य विभाग का छापा
सहायक आयुक्त (खाद्य सुरक्षा) संजय प्रताप सिंह के नेतृत्व में खाद्य सुरक्षा अधिकारी संजय वर्मा, उमाशंकर और रजनीश राय की टीम ने पनकी के इस्पात नगर स्थित पीतांबरा इंटरप्राइजेज में छापेमारी की। जांच के दौरान फैक्ट्री में हल्दी पाउडर का उत्पादन होता मिला, लेकिन अधिकारियों को वहां साबुत हल्दी का कोई स्टॉक नहीं मिला।इसके बजाय बड़ी मात्रा में चावल के टुकड़े, लिक्विड कलर और अन्य कच्चा माल बरामद हुआ। अधिकारियों का मानना है कि इन्हीं पदार्थों के मिश्रण से हल्दी पाउडर तैयार किया जा रहा था।
छह नमूने जांच के लिए भेजे गए
छापेमारी के दौरान टीम ने कुल छह नमूने एकत्र किए। इनमें हल्दी पाउडर, हल्दी में इस्तेमाल होने वाला लिक्विड कलर, चावल के टुकड़े, मिर्च पाउडर, मिर्च में मिलाया जाने वाला रंग और धनिया पाउडर शामिल हैं।सभी नमूनों को जांच के लिए खाद्य विश्लेषक के पास भेजा गया है। रिपोर्ट आने के बाद यह स्पष्ट होगा कि उत्पाद खाद्य सुरक्षा मानकों के अनुरूप हैं या उनमें मिलावट की गई है।
5.86 लाख रुपये का संदिग्ध माल जब्त
कार्रवाई के दौरान विभाग ने फैक्ट्री से 77 बैग चावल के टुकड़े, 42 बैग हल्दी पाउडर, 30 किलोग्राम धनिया और मिर्च पाउडर तथा 20 किलोग्राम हल्दी अपमिश्रक जब्त किया।जब्त सामग्री की अनुमानित कीमत 5.86 लाख रुपये आंकी गई है। खाद्य सुरक्षा विभाग ने पूरे स्टॉक को कब्जे में लेते हुए फर्म का लाइसेंस निलंबित करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
रिपोर्ट के बाद होगी सख्त कार्रवाई
खाद्य सुरक्षा विभाग का कहना है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद यदि नमूनों में मिलावट की पुष्टि होती है तो संबंधित फर्म के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
