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Upper Circuit Share: यार्न बनाने वाली कंपनी आस्था स्पिनटेक्स का शेयर पहुंचा अपर सर्किट में, वजह यह है

Upper Circuit Share: यार्न बनाने वाली कंपनी आस्था स्पिनटेक्स का शेयर पहुंचा अपर सर्किट में, वजह यह है

मुंबई: आप अपर सर्किट (Upper Circuit) वाले शेयरों को ट्रैक करते हैं तो ऐसी ही गुजरात की एक कंपनी है आस्था स्पिनटेक्स लिमिटेड (NSE: AASTHA | BSE: 544808)। इंटीग्रेटेड कॉटन यार्न बनाने वाली इस कंपनी के शेयर आज अपर सर्किट में फंसे हैं।

हम बता रहे हैं इसके अपर सर्किट में फंसने का कारण।

मिला है करोड़ों का ऑर्डर


शेयर बाजार को दी गई सूचना के मुताबिक कंपनी ने हाल ही में फाल्कन यार्न्स प्राइवेट लिमिटेड का अधिग्रहण किया था। इसी कंपनी को इस साल अगस्त से अक्टबर की तिमाही में करीब 51.46 करोड़ रुपये का ऑर्डर मिला है। कंपनी के कन्फर्म ऑर्डर बुक में 10 से ज्यादा ग्राहकों से मिले 38 ऑर्डर शामिल हैं। यह कुल मिलाकर 17.35 लाख किलो कॉटन यार्न का ऑर्डर है। ये ऑर्डर कंपनी के वित्त वर्ष 2024-25 के रेवेन्यू का लगभग 20.62% हिस्सा हैं।

शेयर पहुंचे अपर सर्किट में


आस्था स्पिनटेक्स के शेयर कल यानी मंगलवार को बीएसई में 83.74 रुपये पर बंद हुए थे। आज सुबह यह करीब 10 फीसदी चढ़ कर 92.09 रुपये पर बंद हुए। यही इसका न्यूनतम स्तर था। कुछ ही क्षण में यह बढ़ कर 92.11 रुपये पर पहुंच गया जो कि आज के लिए अपर सर्किट का लेवल था। इसमें 10 फीसदी का अपर सर्किट है।

शेयर के चढ़ने के कारण क्या हैं


  • मजबूत ऑर्डर बुक: अगस्त और अक्टूबर 2026 के बीच पूरे किए जाने वाले 51.46 करोड़ रुपये के कन्फर्म ऑर्डर।
  • मजबूत मंथली रन रेट: अगस्त (25.72 करोड़ रुपये) और सितंबर (24.42 करोड़ रुपये) की ऑर्डर बुक लगातार और ज्यादा वैल्यू वाली डिमांड दिखाती है।
  • बड़े और अलग-अलग तरह के क्लाइंट: 10 से ज्यादा नामी क्लाइंट से ऑर्डर मिले हैं, जिनमें फेयर डील, एल्किन्स ट्रेडलिंक्स लिमिटेड, ए एम ट्रेडिंग, एसीएमई टेक्सटाइल, एलेक्सा निटफैब प्राइवेट लिमिटेड, अमित एक्सपोर्ट, अमिता यार्न फैब, अंकिता एक्सपोर्ट, निया टेक्सटाइल, शरवे एग्रोनिक्स एलएलपी और वेंटेक्स टेक्सटाइल शामिल हैं।
  • बार-बार मिलने वाले ऑर्डर का मोमेंटम: मुख्य क्लाइंट ने तीन महीने की अवधि में कई बार ऑर्डर दिए जो प्रोडक्ट की क्वालिटी, भरोसे और क्लाइंट के विश्वास को मजबूती से दिखाता है।
  • नए क्लाइंट का जुड़ना: इस दौरान ए एम ट्रेडिंग को जोड़ा गया, जिससे मार्केट में पहुंच और बढ़ी और कस्टमर बेस और मजबूत हुआ।
  • मुख्य प्रोडक्ट पर फोकस: सभी ऑर्डर कंपनी के मुख्य कॉटन यार्न सेगमेंट से जुड़े हैं, जिन्हें गुजरात में मौजूद इसकी यूनिट्स में बनाया जाता है।

बैलेंस शीट क्या है


कंपनी ने पिछले दिनों ही वित्त वर्ष 2025-26 के नतीजे घोषित किए हैं। इस दौरान कंपनी ने ऑपरेशन्स से 352 करोड़ रुपये का रेवेन्यू कमाया है। आलोच्य अवधि में कंपनी को 23.8 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हुआ है।

डिस्क्लेमर: यह न्यूज आर्टिकल सिर्फ एजुकेशन उद्देशों से बनाई गई है। निवेश का कोई भी निर्णय लेने से पहले कृपया किसी इन्वेस्टमेंट एडवाइजर से सलाह जरूर लें।
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