दुमका: जिले में एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया, जब एक तेज रफ्तार हाइवा अनियंत्रित होकर सड़क किनारे लगे पेड़ को तोड़ते हुए सीधे एक मकान में जा घुसा। हादसे के समय घर में मौजूद परिवार के सदस्य किसी तरह सुरक्षित बाहर निकलने में सफल रहे।
घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और बड़ी संख्या में लोग मौके पर जुट गए।
जानकारी के अनुसार, हाइवा तेज गति से सड़क पर दौड़ रहा था। इसी दौरान चालक वाहन पर नियंत्रण खो बैठा। अनियंत्रित हाइवा पहले सड़क किनारे खड़े एक बड़े पेड़ से टकराया और फिर उसे तोड़ते हुए पास स्थित एक घर में जा घुसा। टक्कर इतनी भीषण थी कि मकान का एक हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया।
हादसे के समय घर में परिवार के कई सदस्य मौजूद थे। अचानक हुई जोरदार टक्कर और धमाके जैसी आवाज से लोग घबरा गए। जब तक वे स्थिति को समझ पाते, हाइवा मकान के भीतर घुस चुका था। राहत की बात यह रही कि सभी लोग सुरक्षित बाहर निकल आए और कोई जनहानि नहीं हुई।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि यह हादसा कुछ मिनट पहले या बाद में हुआ होता, तो बड़ा नुकसान हो सकता था।
हाइवा की टक्कर से मकान की दीवारों समेत अन्य हिस्सों को नुकसान पहुंचा है। घर में रखे कई सामान भी क्षतिग्रस्त हो गए हैं। पीड़ित परिवार ने प्रशासन से नुकसान का आकलन कर उचित मुआवजा देने की मांग की है।
घटना की सूचना मिलते ही आसपास के ग्रामीण और स्थानीय लोग मौके पर पहुंच गए। कुछ देर तक इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। लोगों ने भारी वाहनों की तेज रफ्तार और लापरवाही पर नाराजगी जताते हुए सड़क सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े किए।
हादसे की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी। वाहन को कब्जे में लेकर दुर्घटना के कारणों की पड़ताल की जा रही है। प्रारंभिक जांच में तेज रफ्तार और चालक द्वारा वाहन पर नियंत्रण खोना हादसे की मुख्य वजह माना जा रहा है।
स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि इस सड़क पर भारी वाहन अक्सर तेज गति से गुजरते हैं, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा लगातार बना रहता है। लोगों ने प्रशासन से स्पीड कंट्रोल के लिए प्रभावी कदम उठाने और सड़क किनारे सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की मांग की है।

