इनमें से कुछ प्रश्न तो बहुत ही विचित्र होते हैं। इनमें से कुछ सवाल तो काम वासना को लेकर भी होते हैं। प्रेमानंद बाबा इन सवालों का जवाब भी आध्यात्म से जोड़कर देते हैं।
प्रेमानंद बाबा का एक वीडियो इन दिनों वायरल हो रहा है, जिसमें एक महिला उनसे पूछ रही है 'इस शरीर से काम वासना खत्म हो गई है, लेकिन पति को काम वासना बहुत है, क्या करूं, कृपया मार्गदर्शन कीजिए?'
प्रेमानंद महाराज ने महिला से कहा 'पत्नी को हमेशा पति के अनुकूल चलना चाहिए। जब पति-पत्नी पाणिग्रहण करते हैं तो एक दूसरे को सहयोग करके मित्र भाव से गृहस्थी चलाना चाहिए। हमें अपनी रूचि दूसरे पर नहीं थोपनी चाहिए। पति-पत्नी दोनों एक ही मार्ग के साथी हैं, इसलिए उन दोनों की रूचि भी एक-दूसरे के अनुकूल ही होनी चाहिए।'
प्रेमानंद महाराज ने महिला से कहा 'अगर आपकी रूचि काम वासना में नहीं है तो पति को मनाईए और उसे भी अपनी रूचि में शामिल करें। अगर वो आपकी बात नहीं मानता तो आप उसकी रूचि के अनुसार काम कीजिए, नहीं तो ऐसा न हो तो आपकी वजह से पति व्याभिचार में उतर जाए यानी गलत काम करने लगे। क्योंकि आपका ब्रह्मचर्य इतना महान नहीं होगा जितना पति की साधना महान होगी।'
प्रेमानंद महाराज ने महिला से कहा 'जीवनसाथी को चाहिए कि एक-दूसरे की भावनाओं को समझें और उसकी रूचि के अनुसार चलें तभी वैवाहिक जीवन की यात्रा सफल हो सकती है। एक-दूसरे को सपोर्ट करते रहने से ही जीवन की ये यात्रा सफल हो सकती है।'

