India Today-CVoter के ताजा 'मूड ऑफ द नेशन' (MOTN) सर्वे ने 2029 लोकसभा चुनाव से पहले देश की सियासी तस्वीर को लेकर बड़ा संकेत दिया है। सर्वे के मुताबिक, अगर आज लोकसभा चुनाव होते हैं तो BJP के नेतृत्व वाला NDA 326 सीटों के साथ बहुमत हासिल कर सत्ता में बना रह सकता है।
हालांकि, जनवरी 2026 के सर्वे में NDA के लिए 352 सीटों का अनुमान था। यानी छह महीने में NDA के अनुमान में 26 सीटों की कमी आई है। हालांकि नरेंद्र मोदी का जलवा अभी भी कायम है।
326 सीटों का अनुमान NDA को स्पष्ट बहुमत देता है, लेकिन पिछले सर्वे के मुकाबले गिरावट सत्तारूढ़ गठबंधन के लिए चिंता का संकेत भी है। 2024 के लोकसभा चुनाव में NDA ने 293 सीटें जीती थीं, जबकि BJP को 240 सीटें मिली थीं। ऐसे में मौजूदा अनुमान NDA के लिए अभी भी मजबूत स्थिति दिखाता है, लेकिन पिछले MOTN के मुकाबले समर्थन में कुछ नरमी नजर आ रही है।
पार्टीवार आंकड़े तस्वीर को और दिलचस्प बनाते हैं। सर्वे में BJP को 261 सीटें मिलने का अनुमान है। जनवरी के MOTN सर्वे में पार्टी के लिए 287 सीटों का अनुमान था। हालांकि, 2024 के 240 सीटों के प्रदर्शन की तुलना में यह अब भी बेहतर आंकड़ा है। वहीं कांग्रेस के लिए सर्वे उत्साह बढ़ाने वाला है। अगस्त 2026 के अनुमान में कांग्रेस को 106 सीटें मिलने की संभावना जताई गई है, जबकि जनवरी में यह आंकड़ा सिर्फ 80 था। अगस्त 2025 के सर्वे में कांग्रेस के लिए 97 सीटों का अनुमान लगाया गया था।
कांग्रेस के नेतृत्व वाले INDIA ब्लॉक को 185 सीटें मिलने का अनुमान है। जनवरी के सर्वे में यह आंकड़ा 182 था। यानी गठबंधन की कुल सीटों में मामूली बदलाव है, लेकिन गठबंधन के भीतर कांग्रेस की स्थिति मजबूत होती दिख रही है। 2024 में INDIA ब्लॉक ने 234 सीटें जीती थीं।
इंडिया टुडे-सी-वोटर के ताजा 'मूड ऑफ द नेशन' (MOTN) सर्वे में प्रधानमंत्री पद के लिए लोगों की पसंद का खुलासा हुआ है। सर्वे के मुताबिक, 49% लोगों ने नरेंद्र मोदी को अगला प्रधानमंत्री बनाने की पसंद बताया, जबकि 27% लोग राहुल गांधी को इस पद पर देखना चाहते हैं। वहीं, 9% लोगों ने तमिलनाडु के मुख्यमंत्री विजय को अपनी पसंद बताया है।
वोट शेयर के आंकड़े भी महत्वपूर्ण हैं। ताजा सर्वे में NDA को 45.1% वोट मिलने का अनुमान है, जो जनवरी के 47% से कम है। हालांकि, 2024 के लोकसभा चुनाव में NDA का वोट शेयर करीब 44% रहा था। INDIA ब्लॉक को 39.1% वोट मिलने का अनुमान है, जो जनवरी के 39% से मामूली अधिक है। यानी दोनों गठबंधनों के बीच वोट शेयर का अंतर बहुत बड़ा नहीं हुआ है।
सर्वे ऐसे समय आया है जब युवा मतदाताओं, खासकर Gen Z के मुद्दे राजनीतिक दलों के लिए महत्वपूर्ण होते जा रहे हैं। शिक्षा, पेपर लीक, बेरोजगारी और छात्र आंदोलनों जैसे मुद्दे आने वाले चुनावी विमर्श को प्रभावित कर सकते हैं। ऐसे में मौजूदा आंकड़े NDA की मजबूत स्थिति तो दिखाते हैं, लेकिन 2029 तक राजनीतिक समीकरण बदलने की गुंजाइश भी बनी हुई है।
अगस्त 2026 का MOTN सर्वे CVoter ने 1 जुलाई से 25 अगस्त के बीच 25,184 लोगों से सीधे बातचीत के आधार पर किया। इसके अलावा पिछले छह महीनों में CVoter की नियमित ट्रैकिंग के दौरान किए गए 91,795 इंटरव्यू के आंकड़ों को भी विश्लेषण में शामिल किया गया। सर्वे के आंकड़े मौजूदा जनमत का अनुमान हैं, चुनाव परिणाम की भविष्यवाणी नहीं।

