बिहार से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां खाकी का फर्जी रौब दिखाकर ठगी करने वाले एक शातिर जालसाज को पुलिस ने धर दबोचा है।औरंगाबाद के दाऊदनगर पुलिस की इस कार्रवाई ने उस फर्जी अफसर की पूरी हकीकत उजागर कर दी, जो खुद को IPS बताकर लोगों को अपना शिकार बना रहा था।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान उत्तर प्रदेश के गोरखपुर निवासी राजेश शुक्ला के रूप में हुई है। इल्जाम है कि उसने दाऊदनगर के एक व्यवसायी से पहले 47 हजार रुपये ट्रांसफर करवा लिए और फिर 1 लाख 20 हजार रुपये की और 'डिमांड' कर रहा था। मामला सामने आते ही पुलिस हरकत में आई और जाल बिछाकर आरोपी को हनुमान मंदिर के पास से गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपना गुनाह कबूल कर लिया। लेकिन असली खुलासा तब हुआ, जब पुलिस को एक सूटकेस मिला जिसे देखकर हर कोई हैरान रह गया। सूटकेस से IPS, NIA, CIA, पुलिस मुखबिर और यहां तक कि राजनीतिक संगठन के नाम पर बने कई फर्जी आईडी कार्ड बरामद हुए। साथ ही खाकी टोपी, बैच और यूनिफॉर्म जैसी चीजें भी मिलीं, जिनका इस्तेमाल कर आरोपी लोगों को इम्प्रेस कर ठगी करता था।
पुलिस के मुताबिक, यह कोई छोटा-मोटा खेल नहीं, बल्कि एक संगठित ठगी नेटवर्क का हिस्सा भी हो सकता है। इसी कड़ी में अब दाऊदनगर पुलिस आरोपी के पूरे नेटवर्क की तलाश में जुट गई है, ताकि इस फर्जीवाड़े के गैंग का पूरी तरह पर्दाफाश किया जा सके।
फिलहाल आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है, लेकिन इस घटना ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि वर्दी का नकली रौब दिखाकर ठगी करने वाले कितने शातिर तरीके से आम लोगों को निशाना बना रहे हैं।

