बिहार के पर्यटन क्षेत्र में आज एक नए अध्याय की शुरुआत होने जा रही है। राजधानी पटना से अब 'हेली टूरिज्म' सेवा का आगाज़ हो रहा है, जिसके जरिए पर्यटक घंटों का सफर मिनटों में तय कर सकेंगे।
इस सेवा के तहत बिहार के 8 प्रमुख पर्यटन स्थलों को जोड़ा गया है, जिससे देशी-विदेशी सैलानियों को राज्य की ऐतिहासिक धरोहरों को आसमान से निहारने का अनोखा अनुभव मिलेगा। हेली टूरिज्म सेवा से अब आप मिनटों में बिहार घूम सकेंगे।
रिपोर्ट की मानें तो नागरिक उड्डयन विभाग की इस पहल से अब पटना से बोधगया या नालंदा पहुंचना महज कुछ मिनटों का खेल होगा। इस सेवा के शुरू होने के बाद पटना से बोधगया, नालंदा विश्वविद्यालय अवशेष, राजगीर, वैशाली, पावापुरी, पटना साहिब, विक्रमशिला और वाल्मीकि टाइगर रिजर्व जैसे प्रमुख स्थलों तक कुछ ही मिनटों में पहुंचा जा सकेगा। सरकार का उद्देश्य पर्यटकों को कम समय में विश्वस्तरीय सुविधा उपलब्ध कराना है।
इस परियोजना के लिए नागरिक उड्डयन विभाग ने अनुभवी ऑपरेटरों से 'एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट' (EOI) आमंत्रित किए हैं। चयनित ऑपरेटरों के साथ शुरुआती तौर पर पांच वर्षों का अनुबंध किया जाएगा, जिसे प्रदर्शन के आधार पर अगले पांच साल तक बढ़ाया जा सकता है। सरकार का मानना है कि इस पहल से न केवल पर्यटकों की संख्या बढ़ेगी, बल्कि रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे और राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
राज्य सरकार की यह योजना बिहार के पर्यटन क्षेत्र को नई ऊंचाई देने वाली मानी जा रही है। हेली सेवा शुरू होने से विदेशी और देशी पर्यटक कम समय में अधिक स्थानों का भ्रमण कर सकेंगे। खासकर बौद्ध, जैन और सिख धार्मिक स्थलों के बीच बेहतर कनेक्टिविटी से पर्यटन को नया आयाम मिलेगा।

