राजधानी पटना के लाखों यात्रियों के लिए बड़ी राहत की खबर है। लंबे इंतजार के बाद पटना मेट्रो परियोजना अब तेजी से मंजिल की ओर बढ़ रही है। यदि सब कुछ तय समय पर हुआ तो मार्च 2027 से शहर के दो नए रूटों पर मेट्रो का परिचालन शुरू हो जाएगा।
पहले चरण में खेमनीचक से मीठापुर और दानापुर से आरपीएस मोड़ तक मेट्रो दौड़ेगी। इस फैसले के बाद राजधानी के यातायात जाम से राहत मिलने और सफर को रफ्तार मिलने की उम्मीद है।
पटना मेट्रो रेल कॉरपोरेशन ने परिचालन की तैयारियां तेज करते हुए पुणे मेट्रो से तीन सेट मेट्रो ट्रेनें लीज पर लेने का फैसला किया है। इसके लिए ऑर्डर भी जारी कर दिया गया है। तीन वर्षों की लीज पर तीन-तीन बोगियों वाली तीन मेट्रो ट्रेनें पटना लाई जाएंगी। प्रत्येक ट्रेन सेट का किराया 21.15 करोड़ रुपये तय किया गया है। इस तरह तीनों ट्रेन सेट पर कुल 63.45 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इन ट्रेनों के दिसंबर 2026 तक पटना पहुंचने की संभावना है।
परियोजना से जुड़े अधिकारियों के अनुसार, खेमनीचक से मीठापुर और दानापुर से आरपीएस मोड़ तक एलिवेटेड ट्रैक पर स्लैब बिछाने का काम पूरा हो चुका है। यह हिस्सा कॉरिडोर-1 का भाग है, जिसकी कुल लंबाई 17.93 किलोमीटर है। इसमें 7.39 किलोमीटर एलिवेटेड और 10.54 किलोमीटर अंडरग्राउंड ट्रैक शामिल है।
एलिवेटेड सेक्शन में सोननीयचक, जगनपुरा, रामकृष्णा नगर, मीठापुर, आरपीएस मोड़, सगुना मोड़ और दानापुर जैसे स्टेशन शामिल हैं। वहीं मीठापुर से पटना जंक्शन, विद्युत भवन, विकास भवन, पटना जू, राजाबाजार और रूकनपुरा तक मेट्रो अंडरग्राउंड सुरंग से गुजरेगी, जिससे राजधानी के भीड़भाड़ वाले हिस्सों में यातायात प्रभावित नहीं होगा।
इधर, छह मेट्रो स्टेशनों के फिनिशिंग वर्क के लिए पटना मेट्रो रेल कॉरपोरेशन दूसरी बार टेंडर प्रक्रिया शुरू कर रहा है। पहले टेंडर में केवल एक एजेंसी के शामिल होने के कारण उसे रद्द कर दिया गया था। अब जगनपुरा, रामकृष्णा नगर, मीठापुर, दानापुर, सगुना मोड़ और आरपीएस मोड़ स्टेशनों के निर्माण कार्य को अंतिम रूप देने की प्रक्रिया तेज कर दी गई है।पटना मेट्रो के शुरू होने के बाद राजधानी की तस्वीर बदलने की उम्मीद है। इससे यात्रा का समय कम होगा, ट्रैफिक जाम से राहत मिलेगी और शहर के सार्वजनिक परिवहन को नई रफ्तार के साथ आधुनिक पहचान भी मिलेगी।

