Maa Durga Prashnavali :नवरात्रि का पर्व आज से आरंभ हो चुका है। इन नौ दिनों में हर एक भक्त अपने-अपने तरीके से माँ की आराधना करता है उन्हें प्रसन्न करने का हर संभव प्रयास करता है। इस शुभ अवसर पर हम आपके लिए लाएं हैं नवदुर्गा प्रश्नावली चक्र।
इस चक्र के माध्यम से आप अपने जीवन की सभी परेशानियों व उनसे जुड़े सवालों का हल पा सकते हैं।नवरात्र में मां दुर्गा के नौ रूपों की पूजा का विशेष महत्व है। मान्यता है कि इन दिनों भक्त दुर्गा जी से सच्चे दिल से जो भी मांगते हैं उन्हें वो मिलता है। अगर आप अपनी किसी परेशानी का हल या सवाल का जवाब चाहते हैं तो दुर्गा प्रश्नावली चक्र आपके लिए मददगार साबित हो सकता है।
नवदुर्गा प्रश्नावली चमत्कारिक चक्र के उपयोग की विधि-
विधि: सबसे पहले स्नान कर पवित्र हो जाएं और माता दुर्गा के समक्ष दीपक-धूप जलाएं। माता का ध्यान करें। पहले पांच बार ऊँ ऐं ह्लीं क्लीं चामुण्डायै विच्चे मंत्र का जप करने के बाद 1 बार इस मंत्र का जप करें-
या देवी सर्वभूतेषु मातृरुपेण संस्थिता।
नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नम:।।
इस मंत्र का जाप करने के बाद आंखें बंद करके अपना सवाल पूछें और माता दुर्गा का स्मरण करते हुए प्रश्नावली चक्र पर कर्सर घुमाते हुए रोक दें। जिस कोष्ठक (खाने) पर कर्सर रुके, उस कोष्ठक में लिखे अंक के अनुसार नीचे लिखे फलादेश को ही अपने अपने प्रश्न का उत्तर समझें।
फलादेश: उस कोष्ठक में दिए गए अंक के अनुसार नीचे दिए गए फल को पढ़ें:
1- धन का लाभ होगा एवं मान-सम्मान भी मिलेगा।
2- धन हानि अथवा अन्य प्रकार का अनिष्ट होने की आशंका है।
3- किसी अभिन्न मित्र से मिलन होगा, जिससे मन प्रसन्न होगा।
4- कोई व्याधि अथवा रोग होने की आशंका है, अत: कार्य अभी टाल देना ही आपके लिए अच्छा रहेगा।
5- धैर्य रखिए जो भी कार्य आपने सोचा है, उसमें आपको सफलता मिलेगी|
6- कुछ दिन के लिए कार्य को स्थगित कर दें| किसी से कलह अथवा कहासुनी हो सकती है|
7- आपका अच्छा समय शुरु हो गया है। अतिशीघ्र ही सुंदर एवं स्वस्थ पुत्र होने के योग हैं। इसके अतिरिक्त आपकी अन्य मनोकामनाएं भी पूर्ण होंगी।
8- विचार पूरी तरह त्याग दें| इस कार्य में मृत्यु भी होने की आशंका है।
9- देश समाज अथवा सरकार की दृष्टि में सम्मान बढ़ेगा। आपका सोचा हुआ कार्य अच्छा है।
10- अपना कार्य आरंभ करें, अपेक्षित लाभ प्राप्त होगा|
11- जिस कार्य के बारे में सोच रहे हैं, उसमें हानि होने की सम्भावना है|
12- मनोकामना पूर्ण होगी और पुत्र से भी आपको विशेष लाभ मिलेगा।
13- कार्य में आ रही बाधाएं दूर करने के लिए शनिदेव की उपासना करें|
14- चिंता न करें, अच्छा समय शुरु हो गया है, सुख-संपत्ति प्राप्त होगी।
15- आर्थिक तंगी के कारण ही आपके घर में सुख-शांति नहीं है। धैर्य एवं संयम रखें, एक माह बाद स्थितियां बदलने लगेंगी।
नोट : ये जानकारियां धार्मिक आस्था और मान्यताओं पर आधारित हैं। Newstrack.com इसकी पुष्टि नहीं करता है।इसे सामान्य रुचि को ध्यान में रखकर लिखा गया है

