Hapur News: जिले में विद्यार्थियों की सुरक्षा को लेकर खेल विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन प्रमुख निजी विद्यालयों को नोटिस जारी किया है। जांच के दौरान सामने आया कि इन विद्यालयों में संचालित स्विमिंग पूलों के लिए आवश्यक लाइसेंस और अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) उपलब्ध नहीं हैं।
इतना ही नहीं, कई अनिवार्य सुरक्षा और तकनीकी मानकों का पालन भी नहीं किया जा रहा था।जिला खेल अधिकारी अरुणा सिरोही ने गढ़ रोड स्थित एलएन पब्लिक स्कूल, दिल्ली रोड स्थित दिल्ली पब्लिक स्कूल (डीपीएस) और मेरठ रोड स्थित ब्रेन वेव्स स्कूल को नोटिस जारी कर निर्धारित नियमों का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। विभाग की इस कार्रवाई के बाद जिले के अन्य निजी विद्यालयों में भी हड़कंप मच गया है।
बच्चों की सुरक्षा के साथ समझौता बर्दाश्त नहीं
खेल विभाग के अधिकारियों का कहना है कि स्विमिंग पूल संचालन के लिए निर्धारित सुरक्षा मानकों का पालन करना अनिवार्य है। पूल में प्रशिक्षित लाइफगार्ड, प्राथमिक उपचार की व्यवस्था, सुरक्षा उपकरण, पानी की गुणवत्ता की नियमित जांच और आवश्यक प्रशासनिक अनुमतियां होना जरूरी है।यदि इन व्यवस्थाओं के बिना स्विमिंग पूल संचालित किए जाते हैं तो किसी भी हादसे की स्थिति में बच्चों की जान को गंभीर खतरा हो सकता है। विभाग ने इसे विद्यार्थियों की सुरक्षा के साथ लापरवाही करार दिया है।
लाइसेंस और एनओसी के बिना संचालन पर उठे गंभीर सवाल
जानकारी के अनुसार जिन विद्यालयों को नोटिस जारी किया गया है, वे सभी सीबीएसई से संबद्ध प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थान हैं। इसके बावजूद स्विमिंग पूल संचालन से संबंधित आवश्यक औपचारिकताओं को पूरा नहीं किया गया। खेल विभाग ने इसे नियमों का उल्लंघन मानते हुए विद्यालय प्रबंधन से जवाब मांगा है। अधिकारियों का मानना है कि खेल गतिविधियों को बढ़ावा देने के साथ-साथ सुरक्षा मानकों का पालन भी उतना ही महत्वपूर्ण है। किसी भी प्रकार की अनियमितता विद्यार्थियों और अभिभावकों के लिए चिंता का विषय बन सकती है।
निर्धारित समय में जवाब नहीं दिया तो होगी कार्रवाई
जिला खेल अधिकारी अरुणा सिरोही ने बताया कि संबंधित विद्यालयों को नोटिस जारी कर निर्धारित समय सीमा के भीतर सभी आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत करने और सुरक्षा मानकों की पूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि तय समय में लाइसेंस, एनओसी और अन्य आवश्यक औपचारिकताएं पूरी नहीं की गईं तो संबंधित विद्यालयों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। विभाग इस मामले को गंभीरता से ले रहा है और किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
अब अन्य स्कूल भी विभाग के रडार पर
खेल विभाग की कार्रवाई के बाद जिले के अन्य निजी स्कूलों में संचालित स्विमिंग पूलों की वैधता और सुरक्षा व्यवस्थाओं को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। सूत्रों का कहना है कि विभाग जल्द ही अन्य विद्यालयों का भी निरीक्षण कर सकता है।यदि जांच में कहीं भी नियमों का उल्लंघन पाया गया तो वहां भी नोटिस जारी किए जा सकते हैं। ऐसे में आने वाले दिनों में जिलेभर के स्कूलों में संचालित स्विमिंग पूलों की व्यापक जांच अभियान चलने की संभावना है।
अभिभावकों में बढ़ी चिंता
इस खुलासे के बाद अभिभावकों में भी चिंता बढ़ गई है। उनका कहना है कि स्कूलों में बच्चों को खेल और तैराकी जैसी गतिविधियों में भाग लेने के लिए प्रेरित किया जाता है, लेकिन यदि सुरक्षा मानकों का पालन नहीं होगा तो किसी भी समय बड़ा हादसा हो सकता है। अभिभावकों ने प्रशासन से मांग की है कि जिले के सभी स्कूलों में संचालित स्विमिंग पूलों का विशेष सुरक्षा ऑडिट कराया जाए और नियमों का उल्लंघन करने वाले संस्थानों पर सख्त कार्रवाई की जाए।

