
बालोतरा से पचपदरा के बीच प्रस्तावित नई रेल लाइन परियोजना को लेकर बड़ा निर्णय लिया गया है। रेलवे द्वारा इस महत्वपूर्ण रेल मार्ग के लिए पुराने अलाइनमेंट पर ही फाइनल लोकेशन सर्वे (FLS) कराने का निर्णय लिया गया है।
यह फैसला केंद्रीय रेल, सूचना एवं प्रसारण तथा इलेक्ट्रॉनिकी एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में लिया गया, जिसमें क्षेत्र में रेल संपर्क विस्तार पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक के दौरान ड्रोन के माध्यम से जमीनी परिस्थितियों का निरीक्षण किया गया और पचपदरा के गौरवमयी ऐतिहासिक महत्व को ध्यान में रखते हुए पुराने अलाइनमेंट पर ही रेलवे लाइन निर्माण का निर्णय सुनिश्चित किया गया। इसी क्रम में पुराने अलाइनमेंट के फाइनल लोकेशन सर्वे (FLS) को स्वीकृति प्रदान की गई।
यह प्रस्तावित रेल लाइन राजस्थान के रेल नेटवर्क को और अधिक मजबूत करेगी तथा बालोतरा को बाड़मेर और आसपास के क्षेत्रों से रेल मार्ग द्वारा जोड़ेगी। साथ ही यह रेल संपर्क जोधपुर से लेकर अहमदाबाद, दिल्ली और जयपुर तक बेहतर कनेक्टिविटी स्थापित करेगा।
रेलवे के अनुसार यह परियोजना इन क्षेत्रों को मुख्यधारा से जोड़ने में निर्णायक भूमिका निभाएगी। साथ ही पचपदरा स्थित रिफाइनरी तक रेल मार्ग से पहुंच और अधिक सुगम होगी, जिससे परिवहन व्यवस्था में व्यापक सुधार होगा।
इस रेल लाइन के निर्माण से रोजगार, व्यापार, कृषि और स्थानीय उद्योगों के लिए परिवहन के नए अवसर उपलब्ध होंगे। परियोजना के अंतर्गत फाइनल लोकेशन सर्वे (FLS) पूर्ण होने के बाद विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार की जाएगी और इसे स्वीकृति के लिए रेलवे बोर्ड को प्रेषित किया जाएगा, जिसके आधार पर आगे की कार्य स्वीकृति प्रक्रिया संपन्न होगी।
रेलवे का यह प्रयास विभिन्न क्षेत्रों को राष्ट्रीय रेल नेटवर्क से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है, जिससे क्षेत्रवासियों को अधिक व्यापक रेल सुविधाएँ प्राप्त हो सकेंगी और क्षेत्रीय विकास को नई गति मिलेगी।
