
नई दिल्ली | शुक्रवार, 13 मार्च 2026
भारतीय शेयर बाजार में शुक्रवार के कारोबारी सत्र के दौरान सार्वजनिक क्षेत्र की दिग्गज कंपनी कोल इंडिया लिमिटेड (Coal India Ltd) के शेयरों में उतार-चढ़ाव भरा माहौल देखा गया।
बाजार की शुरुआती सुस्ती का असर इस पीएसयू (PSU) स्टॉक पर भी पड़ा, जिससे यह लाल निशान में ट्रेड करता नजर आया। हालांकि, ऊर्जा सेक्टर में बढ़ती मांग और सरकारी कंपनियों के प्रति निवेशकों के सकारात्मक नजरिए के कारण यह स्टॉक चर्चा का विषय बना हुआ है।
आज के कारोबार का लेखा-जोखा (13 मार्च 2026)
आज सुबह बाजार खुलने के बाद कोल इंडिया के शेयरों में सक्रियता देखी गई, लेकिन ऊपरी स्तरों पर बिकवाली के दबाव ने कीमतों को नीचे खींच लिया। मुख्य आंकड़े निम्नलिखित हैं:
- ओपन प्राइस (Open Price): स्टॉक सुबह ₹473 के स्तर पर खुला।
- दिन का उच्चतम स्तर (Intraday High): कारोबार के दौरान इसने ₹476 की ऊंचाई छुई।
- दिन का निचला स्तर (Intraday Low): बिकवाली बढ़ने पर यह ₹467 के निचले स्तर तक फिसला।
- पिछले दिन की क्लोजिंग: 12 मार्च को यह ₹470.10 पर बंद हुआ था।
ताजा जानकारी के अनुसार, दोपहर के सत्र में शेयर ₹465 से ₹468 के बीच संघर्ष करता दिखा। पिछले दिन के मुकाबले यह मामूली गिरावट के साथ कारोबार कर रहा है।
बाजार में गिरावट और सुस्ती की वजह
कोल इंडिया के शेयरों में आज देखी गई इस हल्की गिरावट के पीछे कुछ तकनीकी और बाजार आधारित कारण माने जा रहे हैं:
1. मुनाफावसूली (Profit Booking):
हाल के महीनों में कोल इंडिया समेत कई PSU स्टॉक्स ने निवेशकों को अच्छा रिटर्न दिया है। आज के सत्र में निवेशकों ने ऊंचे स्तरों पर मुनाफा वसूलना बेहतर समझा, जिससे शेयर में दबाव देखा गया।
2. ऊर्जा सेक्टर में सतर्कता:
वैश्विक स्तर पर कोयले की कीमतों और आपूर्ति श्रृंखला को लेकर जारी अनिश्चितता के बीच निवेशक थोड़ा संभलकर कदम उठा रहे हैं। हालांकि भारत में बिजली की बढ़ती मांग को देखते हुए कोयले की खपत लगातार बढ़ रही है, लेकिन बाजार की वर्तमान गिरावट ने अल्पकालिक निवेशकों को सतर्क कर दिया है।
3. PSU स्टॉक्स पर दबाव:
आज के कारोबार में केवल कोल इंडिया ही नहीं, बल्कि कई अन्य सरकारी कंपनियों के शेयरों में भी मामूली सुस्ती देखी गई। बेंचमार्क इंडेक्स में गिरावट का असर इन स्टॉक्स पर साफ नजर आ रहा है।
निवेशकों के लिए क्या है खास?
कोल इंडिया अपने आकर्षक डिविडेंड (Dividend) यील्ड के लिए जाना जाता है। बाजार विश्लेषकों का मानना है कि जो निवेशक लंबी अवधि के लिए सुरक्षित और डिविडेंड देने वाले स्टॉक्स की तलाश में हैं, उनके लिए ₹460-₹470 का जोन एक महत्वपूर्ण सपोर्ट लेवल साबित हो सकता है।
ऊर्जा मंत्रालय की ओर से घरेलू कोयला उत्पादन बढ़ाने के लक्ष्यों और भविष्य की विस्तार योजनाओं ने इस स्टॉक के प्रति संस्थागत निवेशकों का भरोसा बनाए रखा है।
13 मार्च 2026 को कोल इंडिया का शेयर भले ही हल्की गिरावट के साथ ₹467 के आसपास ट्रेड कर रहा हो, लेकिन इसके फंडामेंटल्स अभी भी मजबूत नजर आ रहे हैं। आने वाले दिनों में यदि बाजार की स्थिति सुधरती है, तो इसमें फिर से रिकवरी देखी जा सकती है। निवेशकों को फिलहाल वैश्विक ऊर्जा संकेतों और घरेलू उत्पादन रिपोर्ट पर नजर रखनी चाहिए।
डिस्क्लेमर: यह खबर केवल सामान्य जानकारी है, वित्तीय सलाह नहीं; बाजार के उतार-चढ़ाव और जोखिमों को देखते हुए निवेश का निर्णय अपने सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह पर ही लें।
