
जनगणना 2027 के तहत स्व-गणना अभियान की शुरुआत होते ही जिला प्रशासन ने सक्रिय पहल करते हुए नागरिकों के लिए उदाहरण प्रस्तुत किया। जिला कलेक्टर मुहम्मद जुनेद पी पी एवं अतिरिक्त जिला कलक्टर डॉ दिनेश राय सापेला ने अपने निवास पर 1 मई से प्रारंभ हुई स्व-गणना प्रक्रिया में स्वयं भाग लिया और आधिकारिक पोर्टल se.census.gov.in पर अपना विवरण भरते हुए आवश्यक जानकारी दर्ज कर फॉर्म सबमिट किया।
प्रमुख जनगणना अधिकारी एवं जिला कलक्टर मुहम्मद जुनेद पी पी ने जिलेवासियों से अपील करते हुए कहा कि स्व-गणना के इस महत्वपूर्ण अभियान में अधिकाधिक भागीदारी सुनिश्चित करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि स्व-गणना पोर्टल https://se.census.gov.in
का उपयोग डेस्कटॉप अथवा स्मार्टफोन दोनों माध्यमों से किया जा सकता है। उन्होंने यह भी बताया कि स्व-गणना करने के उपरांत भी संबंधित प्रगणक घर-घर जाकर सत्यापन एवं डाटा जांच की प्रक्रिया पूरी करेगा।
उन्होंने जानकारी दी कि अधिकृत पोर्टल पर परिवार का मुखिया या परिवार का कोई भी एक सदस्य पूरे परिवार की जानकारी अपलोड कर सकता है। स्व-गणना प्रक्रिया 1 मई से 15 मई तक जारी रहेगी। इसके पश्चात 16 मई से 14 जून तक मकानों के सूचीकरण और मकानों की गणना (HLO) का कार्य प्रगणकों द्वारा किया जाएगा।
जिला कलेक्टर ने नागरिकों को सतर्क करते हुए कहा कि वेब एड्रेस https://se.census.gov.in
पर जाकर मोबाइल नंबर के माध्यम से लॉग इन करें और प्राप्त ओटीपी को किसी के साथ साझा न करें, यहां तक कि प्रगणक के साथ भी नहीं। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनगणना विभाग की ओर से किसी भी माध्यम से ओटीपी नहीं मांगा जाएगा। स्व-गणना पूर्ण होने के बाद प्रत्येक परिवार को SE ID प्रदान की जाएगी।
जिला कलेक्टर एवं अतिरिक्त जिला कलक्टर ने जिलेवासियों से इस राष्ट्रीय अभियान में सक्रिय भागीदारी की अपील करते हुए कहा कि जनगणना राष्ट्र निर्माण का आधार है और प्रत्येक नागरिक का सहयोग इसे सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
उल्लेखनीय है कि राजस्थान में जनगणना 2027 के प्रथम चरण के तहत 16 मई से प्रगणक घर-घर जाकर मकान सूचीकरण एवं गणना का कार्य प्रारंभ करेंगे, जबकि इससे पूर्व 1 मई से 15 मई तक नागरिकों को स्व-गणना की विशेष सुविधा उपलब्ध कराई गई है, जिससे वे स्वयं अपनी जानकारी ऑनलाइन दर्ज कर सकते हैं।
