Dailyhunt Logo
  • Light mode
    Follow system
    Dark mode
    • Play Story
    • App Story

कौन हैं जीथू जोसेफ? सस्पेंस फिल्मों के वो मास्टरमाइंड जिन्होंने बदल दिया मलयालम सिनेमा

Prathakal 1 week ago

आज जब भी साउथ सिनेमा में थ्रिलर और सस्पेंस फिल्मों की बात होती है, तो सबसे पहले नाम आता है Jeethu Joseph का। सोशल मीडिया पर इन दिनों फिर से उनकी चर्चा तेज है, क्योंकि 'दृश्यम 3' को लेकर फैंस का एक्साइटमेंट सातवें आसमान पर पहुंच चुका है।

'दृश्यम' और 'दृश्यम 2' जैसी फिल्मों ने सिर्फ बॉक्स ऑफिस नहीं हिलाया, बल्कि इंडियन सिनेमा में थ्रिलर स्टोरीटेलिंग का पूरा गेम बदल दिया। यही वजह है कि जीथू जोसेफ को आज मलयालम सिनेमा का सबसे भरोसेमंद थ्रिलर डायरेक्टर माना जाता है।

केरल के मुवट्टुपुझा में जन्मे जीथू जोसेफ का सपना शुरू से फिल्मों में आने का था। वो एफटीआईआई में पढ़ना चाहते थे, लेकिन परिवार चाहता था कि वो इंजीनियर बनें। इकोनॉमिक्स की पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होंने फिल्म इंडस्ट्री में असिस्टेंट डायरेक्टर के तौर पर काम शुरू किया। शुरुआती दिनों में उन्हें कई रिजेक्शन मिले। यहां तक कि उनकी पहली फिल्म 'डिटेक्टिव' के लिए कोई प्रोड्यूसर तक नहीं मिल रहा था। उस मुश्किल वक्त में उनकी मां लीलम्मा ने खुद फिल्म को को-प्रोड्यूस करने का फैसला किया। यही फिल्म 2007 में रिलीज हुई और जीथू जोसेफ के डायरेक्शन करियर की शुरुआत बन गई।

इसके बाद उन्होंने खुद को सिर्फ एक जॉनर तक सीमित नहीं रखा। 'मम्मी एंड मी' और 'माय बॉस' जैसी फिल्मों से उन्होंने कॉमेडी और फैमिली ड्रामा में भी अपनी पकड़ दिखाई, लेकिन असली धमाका 2013 में आया जब Drishyam रिलीज हुई। Mohanlal स्टारर इस फिल्म ने इतिहास रच दिया। ये उस दौर की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली मलयालम फिल्म बनी और 50 करोड़ क्लब में पहुंचने वाली इंडस्ट्री की पहली फिल्म भी बनी। फिल्म की कहानी इतनी दमदार थी कि इसका रीमेक हिंदी, तमिल, तेलुगु और कन्नड़ समेत कई भाषाओं में बना। यहां तक कि इंटरनेशनल लेवल पर भी इसकी कहानी को अपनाया गया।

जीथू जोसेफ की खासियत यही है कि वो आम जिंदगी की साधारण चीजों को ऐसा ट्विस्ट देते हैं कि दर्शक आखिरी मिनट तक स्क्रीन से नजर नहीं हटा पाते। 'मेमोरीज', 'ऊझम', 'आधी', '12थ मैन', 'कूमन' और 'नेरू' जैसी फिल्मों में भी उनका यही सिग्नेचर स्टाइल देखने को मिला। खास बात ये है कि उन्होंने मलयालम सिनेमा से निकलकर तमिल, हिंदी और तेलुगु इंडस्ट्री में भी अपनी अलग पहचान बनाई। Papanasam में Kamal Haasan के साथ काम हो या हिंदी फिल्म The Body का निर्देशन, हर जगह उन्होंने अपने सस्पेंस ब्रांड को कायम रखा।

कोविड के दौरान जब थिएटर बंद थे, तब Drishyam 2 ओटीटी पर रिलीज हुई और दुनियाभर में जबरदस्त तारीफ बटोरी। लोगों ने इसे इंडियन सिनेमा की सबसे बेहतरीन सीक्वल फिल्मों में गिना। अब 'दृश्यम 3' को लेकर जो क्रेज बना हुआ है, उसने जीथू जोसेफ को फिर से ट्रेंडिंग बना दिया है। फैंस को उम्मीद है कि वो एक बार फिर ऐसा क्लाइमैक्स लेकर आएंगे जो पूरे इंटरनेट को हिला देगा। यही वजह है कि जीथू जोसेफ आज सिर्फ एक डायरेक्टर नहीं, बल्कि इंडियन थ्रिलर सिनेमा का सबसे बड़ा ब्रांड बन चुके हैं।

फिल्मों के अलावा जीथू जोसेफ बतौर प्रोड्यूसर भी एक्टिव हैं और नई कहानियों को आगे बढ़ाने में लगे हुए हैं। उनकी पत्नी लिंटा कई फिल्मों में कॉस्ट्यूम डिजाइनर रह चुकी हैं और उनका परिवार हमेशा उनके सफर का मजबूत हिस्सा रहा है। अवॉर्ड्स की बात करें तो 'दृश्यम' ने उन्हें बेस्ट डायरेक्टर के कई बड़े सम्मान दिलाए, जिनमें केरल स्टेट फिल्म अवॉर्ड, साउथ इंडियन इंटरनेशनल मूवी अवॉर्ड और फिल्मफेयर नॉमिनेशन शामिल हैं। आज के दौर में अगर कोई डायरेक्टर दर्शकों को सीट से बांधे रखने की गारंटी देता है, तो वो नाम है जीथू जोसेफ।

Dailyhunt
Disclaimer: This content has not been generated, created or edited by Dailyhunt. Publisher: Prathakal