Dailyhunt Logo
  • Light mode
    Follow system
    Dark mode
    • Play Story
    • App Story
राहत की फुहारों से सराबोर हुआ दक्षिण भारत, पश्चिमी घाट पर भारी बारिश के बीच सुहाना हुआ मौसम|

राहत की फुहारों से सराबोर हुआ दक्षिण भारत, पश्चिमी घाट पर भारी बारिश के बीच सुहाना हुआ मौसम|

Prathakal 2 days ago

ड़कों पर पानी के बीच चलते लोग और वाहन, दक्षिण भारत में मानसून सक्रिय होने के संदर्भ में।

सड़कों पर पानी के बीच चलते लोग और वाहन, दक्षिण भारत में मानसून सक्रिय होने के संदर्भ में।

दक्षिण भारत में मानसून एक बार फिर पूरी तरह सक्रिय हो चुका है, जिसके चलते देश के इस दक्षिणी हिस्से में मौसम का मिजाज तेजी से बदल रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा जारी ताजा और आधिकारिक पूर्वानुमान के अनुसार, पांच अगस्त को दक्षिण भारत के कई प्रमुख राज्यों में मानसूनी गतिविधियां काफी तेज रहने की संभावना है। मौसम विभाग ने स्पष्ट किया है कि इस दौरान केरल, कर्नाटक, तमिलनाडु और तटीय आंध्र प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में हल्की से लेकर भारी बारिश का दौर देखने को मिल सकता है, जिससे पूरे क्षेत्र में ठंडक और राहत का माहौल बन गया है।

आईएमडी की रिपोर्ट के मुताबिक, मानसूनी हवाओं के प्रभाव से दक्षिण भारत के तटीय और अंदरूनी इलाकों में बादलों का डेरा रहेगा। विशेष रूप से पश्चिमी घाट के पहाड़ी और मैदानी इलाकों में कुछ चुनिंदा स्थानों पर भारी से बहुत भारी वर्षा होने की पूरी संभावना जताई गई है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि इन क्षेत्रों में लगातार हो रही मानसूनी बारिश से जल स्रोतों का जलस्तर सुधर रहा है, लेकिन साथ ही संवेदनशील तथा निचले इलाकों में सतर्कता बरतने की सख्त जरूरत पर भी जोर दिया गया है ताकि किसी भी असुविधा से बचा जा सके।

केरल और कर्नाटक के कई जिलों में सुबह से ही रुक-रुक कर बौछारें पड़ने का सिलसिला शुरू हो चुका है, जिससे तापमान में भी खासी गिरावट दर्ज की गई है। इसके अलावा, तमिलनाडु और तटीय आंध्र प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में भी आसमान में घने बादल छाए हुए हैं और हवाओं के साथ हल्की से मध्यम बारिश का अनुमान व्यक्त किया गया है। मौसम विभाग की इस सक्रियता के चलते स्थानीय प्रशासन ने भी पूरी मुस्तैदी दिखाते हुए तटीय इलाकों और पर्वतीय पट्टियों पर नजर रखनी शुरू कर दी है, ताकि लगातार होती बारिश के बीच किसी भी प्रकार की आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।

दक्षिण भारत में मानसून के इस सक्रिय चरण से कृषि क्षेत्रों को एक नई संजीवनी मिल रही है, क्योंकि फसलों के लिए यह बारिश बेहद फायदेमंद साबित हो रही है। हालांकि, लगातार और तेज मानसूनी फुहारों के कारण आम जनजीवन और यातायात की गति पर भी हल्का असर पड़ सकता है, जिसके मद्देनजर मौसम विभाग ने लोगों को अपडेटेड रहने की सलाह दी है। आने वाले दिनों में भी दक्षिण भारत के इन राज्यों में बारिश का यह सिलसिला यूं ही जारी रहने के आसार जताए गए हैं, जिससे गर्मी और उमस से पूरी तरह निजात मिल चुकी है।

Dailyhunt
Disclaimer: This content has not been generated, created or edited by Dailyhunt. Publisher: Prathakal