
उत्तर पश्चिम रेलवे के समदडी-लूनी रेलखण्ड पर यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए बेहद महत्वपूर्ण और बड़ी खबर सामने आ रही है। रेलवे प्रशासन द्वारा बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के उद्देश्य से दुदिया-दुदाड़ा स्टेशनों के मध्य स्थित समपार फाटक संख्या 231, 227 व 226 पर अंडरपास यानी आरयूबी (रोड अंडर ब्रिज) निर्माण कार्य किया जा रहा है।
उत्तर पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसम्पर्क अधिकारी श्री अमित सुदर्शन द्वारा दी गई आधिकारिक जानकारी के अनुसार, पूर्व में जारी प्रेस विज्ञप्ति के मुकाबले इस कार्य की समय-सारणी और योजना में आंशिक बदलाव किया जा रहा है, जिसके कारण इस रेलखण्ड पर संचालित होने वाली विभिन्न रेलसेवाएं पूरी तरह से रद्द, आंशिक रद्द, रेगुलेट, रीशड्यूल और मार्ग परिवर्तित रहेंगी। इस निर्माण कार्य से उत्पन्न होने वाली अपरिहार्य परिस्थितियों के कारण यात्रियों को होने वाली असुविधा को ध्यान में रखते हुए रेलवे ने विस्तृत दिशा-निर्देश और ट्रेनों की सूची जारी की है।
इस बड़े निर्माण कार्य के चलते पूर्ण रूप से रद्द रहने वाली रेलसेवाओं के तहत गाड़ी संख्या 74839, भगत की कोठी-बाडमेर रेलसेवा दिनांक 31.05.26 व 07.06.26 को अपने प्रारम्भिक स्टेशन से पूरी तरह रद्द रहेगी, जबकि वापसी में गाड़ी संख्या 74840, बाडमेर-भगत की कोठी रेलसेवा दिनांक 01.06.26 व 08.06.26 को रद्द रखी जाएगी। आंशिक रूप से रद्द रहने वाली ट्रेनों की श्रेणी में गाड़ी संख्या 14896, बाडमेर-भगत की कोठी रेलसेवा जो दिनांक 31.05.26 व 07.06.26 को बाडमेर से प्रस्थान करेगी, वह केवल समदडी स्टेशन तक ही संचालित होगी और समदडी से भगत की कोठी के मध्य आंशिक रूप से रद्द रहेगी। इसी तरह गाड़ी संख्या 14893, भगत की कोठी-पालनपुर रेलसेवा दिनांक 31.05.26 व 07.06.26 को भगत की कोठी के स्थान पर सीधे समदडी स्टेशन से प्रस्थान करेगी, जिसका तात्पर्य यह है कि यह ट्रेन भगत की कोठी से समदडी के मध्य आंशिक रूप से निरस्त रहेगी।
इसके साथ ही, मार्ग परिवर्तन के कारण कई प्रमुख ट्रेनों के रूट बदले गए हैं, जिससे यात्रियों को नए ठहराव स्टेशनों का ध्यान रखना होगा। गाड़ी संख्या 20485, जैसलमेर-साबरमती रेलसेवा जो दिनांक 31.05.26 व 07.06.26 को जैसलमेर से रवाना होगी, वह अपने नियमित मार्ग के बजाय परिवर्तित मार्ग वाया लूनी-मारवाड-महेसाना होकर संचालित की जाएगी। अपने इस नए बदले हुए रूट पर यह ट्रेन पाली मारवाड, मारवाड जं., रानी, फालना, सुमेरपुर जवाई बांध, पिंडवाडा, आबूरोड, पालनपुर, सिद्धपुर व ऊंझा स्टेशनों पर ठहराव करेगी, जबकि मार्ग परिवर्तन के कारण यह ट्रेन दुदाड़ा, समदडी, मोकलसर, जालोर, मोदरान, मारवाड भीनवाल, रानीवाडा, धनेरा, भीलडी व पाटन स्टेशनों पर अपनी सेवाएं नहीं दे पाएगी यानी यहाँ इसका ठहराव नहीं होगा। ठीक इसी प्रकार विपरीत दिशा में गाड़ी संख्या 20486, साबरमती-जैसलमेर रेलसेवा जो दिनांक 31.05.26 व 07.06.26 को साबरमती से प्रस्थान करेगी, वह भी परिवर्तित मार्ग वाया महेसाना-मारवाड-लूनी होकर चलेगी। यह ट्रेन ऊंझा, सिद्धपुर, पालनपुर, आबूरोड, पिंडवाडा, सुमेरपुर जवाईबांध, फालना, रानी, मारवाड जं. व पाली मारवाड स्टेशनों पर रुकेगी, लेकिन रूट बदलने से पाटन, भीलडी, धनेरा, रानीवाडा, मारवाड भीनवाल, मोदरान, जालोर, मोकलसर, समदडी व दुदाड़ा स्टेशनों पर इसका ठहराव बंद रहेगा।
रेलवे संचालन को सुचारू बनाए रखने के लिए कुछ ट्रेनों को रेगुलेट भी किया जा रहा है, जिसके तहत गाड़ी संख्या 14887, ऋषिकेश-बाडमेर रेलसेवा जो दिनांक 30.05.26 को ऋषिकेश से प्रस्थान करेगी, वह बीकानेर-लूनी के मध्य 01 घंटे रेगुलेट रहेगी, तथा जो ट्रेन दिनांक 06.06.26 को ऋषिकेश से चलेगी, वह बीकानेर-लूनी के मध्य 02 घंटे 15 मिनट रेगुलेट होकर चलेगी। इस पूरे ब्लॉक और निर्माण फेरबदल के बीच रेल यात्रियों के लिए राहत भरी खबर यह भी है कि पूर्व में रद्द, रेगुलेट और रीशड्यूल की गई कई महत्वपूर्ण रेलसेवाओं को रेलवे ने अब वापस रीस्टोर यानी बहाल कर दिया है। इसके अंतर्गत गाड़ी संख्या 14893, भगत की कोठी-पालनपुर रेलसेवा दिनांक 07.06.26 व 14.06.26 को तथा गाड़ी संख्या 14894, पालनपुर-भगत की कोठी रेलसेवा दिनांक 08.06.26 व 15.06.26 को अपने पूर्व निर्धारित मार्ग और मूल संचालन समय सारणी के अनुसार ही संचालित होगी। इसके अतिरिक्त, पूर्व में रेगुलेट की गई गाड़ी संख्या 20491, जैसलमेर-साबरमती रेलसेवा दिनांक 14.06.26 को अपने तय मार्ग और समय सारणी के अनुसार चलेगी। वहीं पूर्व में रीशड्यूल की गई ट्रेनों में गाड़ी संख्या 74842, भीलडी-भगत की कोठी रेलसेवा तथा गाड़ी संख्या 54814, बाडमेर-जोधपुर रेलसेवा भी दिनांक 14.06.26 को अपने पुराने निर्धारित मार्ग व संचालन समय सारणी के अनुसार ही रीस्टोर रहकर पटरियों पर दौड़ेंगी। रेलवे का यह सुनियोजित बुनियादी ढांचा विकास कार्य आगामी समय में रेल यातायात को अधिक सुरक्षित और निर्बाध बनाने की दिशा में एक अत्यंत महत्वपूर्ण और दूरगामी प्रभाव वाला कदम साबित होगा।
