New EV Policy : दिल्ली की CM रेखा गुप्ता ने शुक्रवार को 'दिल्ली ईवी सब्सिडी पोर्टल' (https://evsubsidy.delhi.gov.in) का शुभारंभ किया। दिल्ली सचिवालय में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने 'दिल्ली इलेक्ट्रिक व्हीकल पॉलिसी-2026' की आधिकारिक पुस्तिका का विमोचन भी किया।
सीएम रेखा गुप्ता ने कहा कि दिल्ली सरकार स्वच्छ, आधुनिक और सतत परिवहन व्यवस्था विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध है।
'दिल्ली इलेक्ट्रिक व्हीकल पॉलिसी-2026' स्वच्छ वायु, प्रदूषण नियंत्रण, ऊर्जा सुरक्षा और हरित अर्थव्यवस्था की दिशा में दिल्ली सरकार का एक दूरदर्शी और परिवर्तनकारी कदम है। उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार अगले चार वर्षों में नई ईवी नीति के क्रियान्वयन पर 7,000 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश करेगी।
इसके तहत खरीद प्रोत्साहन, स्क्रैपिंग प्रोत्साहन, चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर के विकास और रोड टैक्स और पंजीकरण शुल्क में छूट जैसे प्रावधान किए गए हैं, जिससे पात्र इलेक्ट्रिक वाहन खरीदारों को बड़े पैमाने पर आर्थिक लाभ मिलेगा। इस अवसर पर दिल्ली के परिवहन मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह, परिवहन आयुक्त निहारिका राय सहित संबंधित विभाग के वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री ने बताया कि लगभग एक वर्ष तक विभिन्न हितधारकों के साथ व्यापक विचार-विमर्श के बाद तैयार की गई इस नीति में खरीद एवं स्क्रैपिंग इंसेंटिव, चरणबद्ध अनिवार्य लक्ष्य (मैंडेट), चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर, बैटरी रीसाइक्लिंग और ई-वेस्ट प्रबंधन सहित संपूर्ण ईवी इकोसिस्टम को शामिल किया गया है।
यह नीति आम नागरिक को केंद्र में रखकर तैयार की गई है, जिसमें दोपहिया, तिपहिया, निजी कारों और वाणिज्यिक (कमर्शियल) वाहनों के लिए विशेष प्रोत्साहन दिए गए हैं। साथ ही एन-1 और एन-2 श्रेणी के वाणिज्यिक वाहनों के लिए भी विशेष प्रावधान किए गए हैं।
60 दिनों में डीबीटी के माध्यम से मिलेगी सब्सिडी
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बताया कि ईवी पोर्टल के माध्यम से पात्र लाभार्थी वाहन खरीदने और आरसी प्राप्त होने के 30 दिनों के भीतर आवेदन कर सकेंगे। इसके बाद 60 दिनों के भीतर डीबीटी के माध्यम से सब्सिडी उनके बैंक खातों में उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है। दिल्ली ईवी सब्सिडी पोर्टल को नागरिकों के लिए सरल, तेज, पारदर्शी एवं पूरी तरह डिजिटल बनाया गया है, ताकि पात्र लाभार्थी घर बैठे ही सभी सेवाओं का लाभ उठा सकें।
पूरी प्रक्रिया पेपरलेस, पारदर्शी और सिटीजन सेंट्रिक बनाई गई है। पोर्टल पर नागरिकों और संस्थानों के लिए इलेक्ट्रिक वाहन खरीद प्रोत्साहन और अन्य लाभों के लिए घर बैठे ऑनलाइन आवेदन करने की सुविधा उपलब्ध होगी। आवेदक अपने आवेदन की प्रत्येक चरण की स्थिति रियल-टाइम में ऑनलाइन ट्रैक कर सकेंगे, जिससे पूरी प्रक्रिया पारदर्शी बनी रहेगी।
यह पूरी व्यवस्था होगी डिजिटल और पेपरलेस
आवश्यक दस्तावेज जैसे आधार कार्ड, वाहन पंजीकरण प्रमाणपत्र (RC), मतदाता पहचान पत्र आदि सुरक्षित रूप से ऑनलाइन अपलोड किए जा सकेंगे, जबकि संस्थानों के लिए जीएसटीआईएन, पैन और बैंक विवरण अपलोड करने की सुविधा भी दी गई है। यह पूरी व्यवस्था डिजिटल और पेपरलेस होगी। पात्र लाभार्थियों को स्वीकृत प्रोत्साहन राशि आधार-सत्यापित डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DTB) के माध्यम से सीधे उनके बैंक खाते में भेजी जाएगी।
सभी आवश्यक दस्तावेजों के सत्यापन के बाद निर्धारित समय-सीमा के भीतर, अधिकतम 60 दिनों में प्रोत्साहन राशि उपलब्ध करा दी जाएगी। इसके अलावा पोर्टल पर दिल्ली इलेक्ट्रिक वाहन नीति-2026 से जुड़ी सभी महत्वपूर्ण जानकारियां जैसे पात्रता, वाहन श्रेणियों के अनुसार सब्सिडी, अनुमोदित ईवी मॉडलों की सूची, आवश्यक दस्तावेज, आवेदन प्रक्रिया और अन्य दिशा-निर्देश, एक ही मंच पर उपलब्ध होंगे।
नीति निर्माण में सभी हितधारकों की सहभागिता रही सबसे बड़ी ताकत
मुख्यमंत्री के मार्गदर्शन में लगभग एक वर्ष तक व्यापक अध्ययन एवं विभिन्न हितधारकों के साथ कई चरणों में परामर्श के बाद EV Policy तैयार की गई है। इस दौरान देश-विदेश की सर्वोत्तम नीतियों का अध्ययन कर दिल्ली की आवश्यकताओं के अनुरूप एक मजबूत एवं व्यवहारिक नीति तैयार की गई। इस नीति का उद्देश्य आम नागरिक को किफायती एवं स्वच्छ परिवहन उपलब्ध कराना, इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देना तथा दिल्ली में वायु प्रदूषण को कम करना है।
इसी उद्देश्य से दोपहिया, तिपहिया, हल्के वाणिज्यिक वाहनों एवं इलेक्ट्रिक बसों के विद्युतीकरण, चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर के विस्तार, बैटरी रीसाइक्लिंग तथा वाहन स्क्रैपिंग को विशेष प्राथमिकता दी गई है। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर सभी वाहन निर्माताओं, डीलर्स, स्क्रैपिंग केंद्रों, बिजली वितरण कंपनियों एवं हितधारकों से चार्जिंग नेटवर्क के विस्तार, किफायती ईवी मॉडल उपलब्ध कराने, समयबद्ध स्क्रैपिंग प्रक्रिया सुनिश्चित करने और नीति के सफल क्रियान्वयन में सक्रिय सहयोग का आह्वान किया गया।

