लखनऊ, 5 अगस्त (आईएएनएस)। उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री ओपी राजभर ने समाजवादी पार्टी के ब्राह्मण सम्मेलन पर तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि सपा को ब्राह्मणों के मुद्दों पर बात करनी है तो पहले अपने पुराने कारनामों का हिसाब दे।
राजभर ने कहा, “गाजीपुर में चार साल के बच्चे को मारकर लहूलुहान कर दिए गए ब्राह्मण के लड़के की चर्चा करेंगे ब्राह्मण सम्मेलन में?”
उन्होंने कन्नौज का जिक्र करते हुए अखिलेश यादव पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, “कन्नौज में ब्राह्मण का बेटा बूथ एजेंट था। अखिलेश यादव ने कहा था – विरोध किया है ल, उसके मां-बाप आज तक खोज रहे हैं। इसकी चर्चा ब्राह्मण सम्मेलन में करेंगे?”
मंत्री संजय निषाद ने कहा, “ब्राह्मण समुदाय बहुत बुद्धिमान, जागरूक और राजनीतिक रूप से समझदार है। वे समझते हैं कि सत्ता ही समस्याओं का समाधान है और इससे सम्मान और सुरक्षा सुनिश्चित होती है। ब्राह्मण समुदाय को कोई गुमराह नहीं कर सकता।”
वहीं, मंत्री सुनील शर्मा ने कहा, “इसका कोई असर नहीं होगा। ब्राह्मण राष्ट्रवादी होते हैं। ब्राह्मण सनातन के संरक्षक और रक्षक हैं। जो लोग सनातन का अपमान करते हैं, वे भले ही नकली ब्राह्मण सम्मेलन करते रहें, इससे कोई फर्क नहीं पड़ने वाला।”
भाजपा विधायक रमेश मिश्र ने भी सपा पर हमला बोला। उन्होंने कहा, “वे 2017, 2019, 2022 और 2024 के चुनावों से ही ऐसे दावे करते आ रहे हैं कि ब्राह्मण समाजवादी पार्टी का समर्थन करेंगे। लेकिन ऐसा असल में कब हुआ है? किसी भी बूथ पर जाकर देख लीजिए, आपको ब्राह्मण बीजेपी के पक्ष में वोट करते हुए मिलेंगे। मैं यह लिखकर दे सकता हूं कि ब्राह्मण समुदाय लगातार बीजेपी का समर्थन करता रहा है।”
रमेश मिश्र ने कहा, “कोई असली सम्मेलन नहीं हो रहा है और न ही वहां ब्राह्मण समुदाय की कोई खास भागीदारी हो रही है। कुछ लोग भले ही शामिल हो जाएं, लेकिन ब्राह्मण समुदाय मजबूती से भाजपा के साथ खड़ा है। वे उनके साथ नहीं जाएंगे जो सनातन का विरोध करते हैं।”
भाजपा विधायक अभय सिंह ने सपा पर ब्राह्मणों के अपमान का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, “समाजवादी पार्टी ने ब्राह्मण समुदाय का बहुत अपमान किया है। पत्रकारों से पूछा गया था, ‘क्या आप पांडे, तिवारी या शुक्ला हैं?’ अब जब चुनाव नजदीक आ रहे हैं, तो वे इस तरह से सभी समुदायों को खुश करने की कोशिश कर रहे हैं।”
–आईएएनएस
पीआईएम/पीएम
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