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रक्षाबंधन से पहले सोने-चांदी में आया बड़ा उलटफेर! आज का भाव देखकर खरीदारी का प्लान बदल देंगे, जानें नई कीमत

रक्षाबंधन से पहले सोने-चांदी में आया बड़ा उलटफेर! आज का भाव देखकर खरीदारी का प्लान बदल देंगे, जानें नई कीमत

क्षाबंधन से ठीक पहले सोना और चांदी खरीदने की तैयारी कर रहे लोगों के लिए बाजार से राहत वाली खबर नहीं है। 27 अगस्त 2026 को सोने और चांदी की कीमतों में तेजी देखने को मिली है। त्योहारी सीजन में कीमती धातुओं की मांग बढ़ने की उम्मीद के बीच दोनों धातुओं के दाम ऊंचे स्तर पर बने हुए हैं।

ऐसे में अगर आप बहन के लिए सोने की अंगूठी, चेन, कान की बाली या चांदी की राखी खरीदने की तैयारी कर रहे हैं, तो इस बार आपको पहले के मुकाबले ज्यादा कीमत चुकानी पड़ सकती है।

गुरुवार के शुरुआती कारोबार में घरेलू वायदा बाजार में सोना करीब 1.60 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम के स्तर पर बना रहा, जबकि चांदी 2.40 लाख रुपये प्रति किलोग्राम के ऊपर कारोबार करती दिखी। एक रिपोर्ट के मुताबिक सुबह करीब 9 बजे MCX पर 5 अक्टूबर डिलीवरी वाला सोना 1,60,751 रुपये प्रति 10 ग्राम पर था, जबकि 4 सितंबर डिलीवरी वाली चांदी 2,42,124 रुपये प्रति किलो के आसपास कारोबार कर रही थी।

दूसरी ओर, खुदरा बाजार में शहर और शुद्धता के हिसाब से कीमतों में अंतर देखने को मिल रहा है। इसलिए ग्राहक खरीदारी करने से पहले अपने शहर के स्थानीय सराफा बाजार का ताजा भाव जरूर जांचें।

रक्षाबंधन से पहले क्यों महंगा हुआ सोना?

सोने की कीमतों में तेजी के पीछे कई अंतरराष्ट्रीय और घरेलू कारण हैं। इस समय वैश्विक बाजार में अनिश्चितता के कारण निवेशक सोने को सुरक्षित निवेश के तौर पर देख रहे हैं। बाजार विशेषज्ञों के मुताबिक सोने का निकट अवधि का रुझान अभी भी सकारात्मक बना हुआ है। MCX गोल्ड ने हाल में मई 2026 के उच्च स्तरों को टेस्ट किया है और ऊंचे स्तरों पर टिके रहने को बाजार के लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।

इसके अलावा डॉलर, अमेरिकी बॉन्ड यील्ड और वैश्विक भू-राजनीतिक परिस्थितियां भी सोने की कीमतों को प्रभावित करती हैं। जब बाजार में अनिश्चितता बढ़ती है तो निवेशकों का रुझान अक्सर सोने जैसे सुरक्षित माने जाने वाले एसेट की तरफ बढ़ जाता है।

यही वजह है कि रक्षाबंधन जैसे त्योहार से ठीक पहले सोने के दाम में तेजी ने खरीदारों की चिंता बढ़ा दी है।

आज 24 कैरेट सोने का क्या भाव है?

27 अगस्त को अलग-अलग बाजारों में 24 कैरेट सोने की कीमत लगभग 1.59 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम के आसपास दर्ज की गई। NDTV Profit के मुताबिक सुबह करीब 6:30 बजे भारत में 24 कैरेट सोने का भाव 1,59,400 रुपये प्रति 10 ग्राम और 22 कैरेट सोने का भाव 1,46,117 रुपये प्रति 10 ग्राम था। उसी समय 999 शुद्धता वाली चांदी का भाव करीब 2,40,200 रुपये प्रति किलो था।

हालांकि, अलग-अलग शहरों में रेट कुछ अलग हो सकते हैं। दिल्ली, मुंबई, चेन्नई, कोलकाता, बेंगलुरु और हैदराबाद जैसे शहरों में भी कीमतों में मामूली अंतर दर्ज किया गया है।

यानी अगर आप 10 ग्राम 24 कैरेट सोना खरीदना चाहते हैं तो करीब 1.59 लाख रुपये के आसपास की कीमत का सामना करना पड़ सकता है। इसमें ज्वैलरी खरीदते समय मेकिंग चार्ज और लागू टैक्स अलग से जुड़ सकते हैं।

लखनऊ में कितना है सोने-चांदी का भाव?

लखनऊ के लिए उपलब्ध ताजा स्थानीय दरों के अनुसार 27 अगस्त को 24 कैरेट सोने की कीमत करीब 1,58,420 रुपये प्रति 10 ग्राम और 22 कैरेट सोने की कीमत करीब 1,45,218 रुपये प्रति 10 ग्राम बताई गई है। वहीं 999 फाइन चांदी करीब 2,39,740 रुपये प्रति किलो पर थी।

हालांकि, सराफा बाजार में ज्वैलरी की अंतिम कीमत इन दरों से अलग हो सकती है। दुकान, मेकिंग चार्ज, डिजाइन, शुद्धता और अन्य शुल्क के कारण ग्राहक को वास्तविक भुगतान अधिक करना पड़ सकता है।

चांदी भी नहीं दे रही राहत

सिर्फ सोना ही नहीं, बल्कि चांदी की कीमत भी खरीदारों की चिंता बढ़ा रही है। 27 अगस्त को MCX पर चांदी 2.40 लाख रुपये प्रति किलो के ऊपर बनी हुई थी। एक समय सितंबर डिलीवरी वाली चांदी करीब 2,42,999 रुपये प्रति किलो के इंट्राडे हाई तक भी पहुंची।

चांदी की कीमतों में हालिया तेजी का असर त्योहारों की खरीदारी पर भी पड़ सकता है। रक्षाबंधन पर चांदी की राखी, सिक्के, पूजा सामग्री और छोटे आभूषण खरीदने वाले ग्राहकों के लिए कीमत बढ़ने का मतलब सीधे तौर पर ज्यादा खर्च है।

लखनऊ में उपलब्ध 999 फाइन सिल्वर की स्थानीय दर करीब 2,39,740 रुपये प्रति किलो बताई गई है। यानी 100 ग्राम चांदी की कीमत लगभग 23,974 रुपये और 10 ग्राम की कीमत करीब 2,397 रुपये बैठती है, हालांकि खुदरा ज्वैलरी या अन्य उत्पादों में अंतिम कीमत अलग हो सकती है।

अगस्त में सोने ने कितना बदला रंग?

अगर पूरे अगस्त के प्रदर्शन पर नजर डालें तो सोने में काफी तेजी देखने को मिली है। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक भारत में 24 कैरेट सोने की कीमत 1 अगस्त को करीब 1,44,370 रुपये प्रति 10 ग्राम थी। 27 अगस्त तक यह करीब 1,62,980 रुपये प्रति 10 ग्राम के स्तर तक पहुंच चुकी थी। यानी महीने की शुरुआत की तुलना में कीमत काफी ऊपर है।

लखनऊ के आंकड़ों में भी एक साल के दौरान बड़ा अंतर दिखाई देता है। उपलब्ध स्थानीय दरों के मुताबिक 27 अगस्त 2025 को 24 कैरेट सोना करीब 1,01,460 रुपये प्रति 10 ग्राम था, जबकि 27 अगस्त 2026 को यह करीब 1,58,420 रुपये रहा। यानी सालाना आधार पर कीमत में करीब 56 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की गई।

चांदी में तो सालाना बढ़ोतरी और भी ज्यादा रही। लखनऊ के उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार 27 अगस्त 2025 को 999 चांदी करीब 1,16,040 रुपये प्रति किलो थी, जबकि 27 अगस्त 2026 को यह करीब 2,39,740 रुपये प्रति किलो बताई गई।

क्या आने वाले दिनों में और महंगा होगा सोना?

यह सवाल इस समय सबसे ज्यादा पूछा जा रहा है। बाजार विशेषज्ञों का मौजूदा रुझान सोने के लिए सकारात्मक बताया जा रहा है। एक बाजार विश्लेषण के मुताबिक MCX गोल्ड के लिए 1,56,000 रुपये का स्तर महत्वपूर्ण सपोर्ट के रूप में देखा जा रहा है। इसके ऊपर कीमतों का टिके रहना तेजी के रुझान को मजबूत कर सकता है।

हालांकि, इसका मतलब यह नहीं है कि सोने की कीमत हर दिन बढ़ेगी। कीमती धातुओं में तेज उतार-चढ़ाव होता है और अंतरराष्ट्रीय घटनाओं, डॉलर, ब्याज दरों तथा निवेशकों की धारणा में बदलाव के कारण कीमत अचानक नीचे भी आ सकती है।

इसीलिए अगर कोई व्यक्ति सिर्फ कीमत बढ़ने की उम्मीद में सोना खरीदना चाहता है तो उसे बाजार के जोखिम को समझना चाहिए।

त्योहारों में बढ़ सकती है मांग

रक्षाबंधन के बाद देश में त्योहारी खरीदारी का सिलसिला और तेज होने की उम्मीद रहती है। भारतीय परिवारों में त्योहारों और शुभ अवसरों पर सोना-चांदी खरीदने की परंपरा पुरानी है। इसके अलावा शादी का सीजन शुरू होने पर आभूषणों की मांग में भी तेजी आ सकती है।

अगर अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतें ऊंची रहती हैं और घरेलू मांग भी मजबूत होती है, तो सोने-चांदी के दाम पर दबाव बना रह सकता है। यही वजह है कि ज्वैलर्स और ग्राहक दोनों बाजार की अगली चाल पर नजर रख रहे हैं।

ज्वैलरी खरीदते समय सिर्फ सोने का भाव न देखें

ग्राहकों को यह समझना भी जरूरी है कि अखबार या ऑनलाइन वेबसाइट पर दिखने वाला सोने का भाव और दुकान पर मिलने वाली ज्वैलरी की अंतिम कीमत एक जैसी नहीं होती।

आभूषण खरीदते समय सोने की शुद्धता, वजन, मेकिंग चार्ज, वेस्टेज और लागू टैक्स जैसे घटक अंतिम बिल को प्रभावित कर सकते हैं। इसलिए ग्राहक को केवल प्रति 10 ग्राम का भाव देखकर बजट तय नहीं करना चाहिए।

सोने की ज्वैलरी खरीदते समय हॉलमार्क और शुद्धता की जानकारी भी जरूर जांचनी चाहिए। बिल में सोने का वजन, शुद्धता और अन्य शुल्क स्पष्ट रूप से दर्ज होने चाहिए।

चांदी खरीदने वालों को भी सावधान रहने की जरूरत

चांदी की खरीदारी में भी शुद्धता और वजन महत्वपूर्ण है। खासकर जब चांदी की कीमत 2.40 लाख रुपये प्रति किलो के आसपास हो, तो छोटी मात्रा में भी कीमत तेजी से बढ़ सकती है।

अगर कोई व्यक्ति 100 ग्राम चांदी खरीदता है तो केवल धातु के मौजूदा बाजार भाव के आधार पर कीमत करीब 24 हजार रुपये के आसपास बैठ सकती है। लेकिन चांदी के आभूषण, बर्तन या अन्य उत्पाद में डिजाइन और मेकिंग चार्ज के कारण अंतिम कीमत इससे ज्यादा हो सकती है।

खरीदारी करें या इंतजार?

रक्षाबंधन के लिए अगर खरीदारी जरूरी है तो केवल इस उम्मीद में खरीदारी टालना कि कीमत निश्चित रूप से नीचे आएगी, सही रणनीति नहीं मानी जा सकती। दूसरी तरफ, अगर खरीदारी जरूरी नहीं है तो ग्राहक बाजार के उतार-चढ़ाव पर नजर रख सकता है।

किसी भी स्थिति में पूरी रकम एक साथ लगाने के बजाय अपनी जरूरत, बजट और जोखिम क्षमता को ध्यान में रखना जरूरी है। सोने और चांदी की कीमतें तेजी से बदल सकती हैं, इसलिए एक दिन के भाव को भविष्य की गारंटी नहीं माना जा सकता।

आज का मोटा-मोटी भाव

27 अगस्त 2026 के उपलब्ध ताजा आंकड़ों के अनुसार:

  • 24K सोना: करीब ₹1.59 लाख प्रति 10 ग्राम

  • 22K सोना: करीब ₹1.46 लाख प्रति 10 ग्राम

  • 999 चांदी: करीब ₹2.40 लाख प्रति किलो

  • लखनऊ में 24K सोना: करीब ₹1,58,420 प्रति 10 ग्राम

  • लखनऊ में 999 चांदी: करीब ₹2,39,740 प्रति किलो

ध्यान रखें कि ये बाजार के उपलब्ध संकेतक/स्थानीय दरें हैं और दिन के दौरान कीमत बदल सकती है। ज्वैलरी की अंतिम कीमत मेकिंग चार्ज और अन्य लागू शुल्क के कारण अलग होगी।

कुल मिलाकर, रक्षाबंधन से ठीक पहले सोना और चांदी दोनों ऊंचे स्तर पर हैं। सोना करीब 1.60 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम और चांदी करीब 2.40 लाख रुपये प्रति किलो के आसपास बनी हुई है। ऐसे में त्योहार के लिए खरीदारी करने वाले ग्राहकों की जेब पर इसका सीधा असर पड़ना तय है। आने वाले दिनों में अंतरराष्ट्रीय बाजार की चाल, निवेशकों की मांग और त्योहारी खरीदारी यह तय करेगी कि दोनों कीमती धातुओं की कीमतें और ऊपर जाती हैं या बाजार में कुछ राहत देखने को मिलती है।

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Disclaimer: This content has not been generated, created or edited by Dailyhunt. Publisher: Rangin Duniyan