मीरापुर (मुजफ्फरनगर)। बुद्ध पूर्णिमा के पावन पर्व पर नगर मीरापुर में श्रद्धा और उत्साह का संगम देखने को मिला। बौद्ध धर्म के प्रवर्तक भगवान गौतम बुद्ध की जयंती और वैशाख पूर्णिमा के अवसर पर स्थानीय अंबेडकर भवन में विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
इस दौरान अनुयायियों ने भगवान बुद्ध और संविधान निर्माता भारत रत्न डॉ. भीमराव अंबेडकर के चित्र व प्रतिमाओं पर पुष्प अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी।
अंबेडकर भवन में आकर्षण का केंद्र रही सजावट
मीरापुर थाने के समीप स्थित अंबेडकर भवन को इस विशेष अवसर पर फूलों और रोशनी से आकर्षक ढंग से सजाया गया था। सुबह से ही श्रद्धालुओं का आना शुरू हो गया, जिन्होंने भगवान बुद्ध की पूजा-अर्चना कर विश्व शांति और करुणा की कामना की।
मानवता और अधिकार की मिसाल महापुरुष
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि भगवान गौतम बुद्ध ने पूरी दुनिया को शांति, करुणा और अहिंसा का मार्ग दिखाया, जो आज के समय में और भी प्रासंगिक है। वहीं, बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर ने समाज के वंचित वर्गों को अधिकार दिलाकर समानता की नींव रखी। दोनों महापुरुषों के विचार एक ही सिक्के के दो पहलू हैं-एक मन की शांति सिखाता है तो दूसरा सामाजिक न्याय।
सामाजिक एकता का लिया संकल्प
उपस्थित जनसमूह ने संकल्प लिया कि वे महापुरुषों के बताए मार्ग पर चलते हुए समाज में शिक्षा, भाईचारा और एकता को बढ़ावा देंगे। अनुयायियों ने अपील की कि समाज के प्रत्येक व्यक्ति को गौतम बुद्ध के 'अप्प दीपो भव' (अपना दीपक स्वयं बनें) के मंत्र को जीवन में उतारना चाहिए।
इनकी रही मुख्य उपस्थिति
समारोह में मुख्य रूप से सभासद पुत्र सुबोध कुमार, सचिन कुमार, डॉ. बृजेश कुमार, अमित कुमार, सुदेश पाल, किशन लाल, हितेश कुमार, बाबूराम, रोहित कुमार, विशाल मास्टर, राजू सिंह, महेश कुमार, जगदीश कुमार, नितिन कुमार, मोनू कुमार, मनोज कुमार, रोबिन कुमार, अरविंद कुमार, नरेश नायक, चंद्रपाल, राजेंद्र एवं मनीष कुमार सहित भारी संख्या में नगरवासी और श्रद्धालु मौजूद रहे।

