NEWS IN SHORT
- आयुष्मान योजना में शिकायतें और मतदाता सूची विवाद पर हंगामा
- 2.47 करोड़ कार्डधारकों के बीच 22.5 लाख का इलाज
- मतदाता सूची से लाखों नाम कटने पर विपक्ष का स्थगन प्रस्ताव अस्वीकृत
- भाजपा ने कहा SIR केंद्र का मामला, विपक्ष ने सदन से वॉकआउट किया
- रायपुर विधानसभा सत्र में स्वास्थ्य और चुनावी मुद्दों पर तीखी बहस
NEWS IN DETAIL
Raipur: राजधानी रायपुर में विधानसभा के गुरुवार के सत्र में स्वास्थ्य और प्रशासनिक मामलों को लेकर हंगामेदार बहस हुई। एक तरफ राज्य सरकार आयुष्मान भारत योजना की सफलता का दावा कर रही है, वहीं राजधानी के कई नामचीन अस्पतालों पर योजना के तहत इलाज से इनकार करने का आरोप लगा है।
अस्पतालों को किया नोटिस जारी - स्वास्थ्य मंत्री
स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने बताया कि प्रदेश में आयुष्मान योजना के 2.47 करोड़ कार्डधारी हैं। 2024 से 2026 के बीच योजना के तहत 22,59,995 लोगों का इलाज हुआ। योजना में केंद्र का हिस्सा 60% और राज्य का हिस्सा 40% है। वहीं, रामकृष्ण केयर हॉस्पिटल, श्री नारायणा हॉस्पिटल, बालगोपाल हॉस्पिटल सहित अन्य अस्पतालों के खिलाफ 31 शिकायतें मिली हैं। कई अस्पतालों को नोटिस जारी किया गया और जांच जारी है।
एसआईआर पर स्थगन प्रस्ताव
इस बीच, विधानसभा के शून्यकाल में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) में 19 लाख 13 हजार से ज्यादा लोगों के नाम कटने को लेकर विपक्ष ने स्थगन प्रस्ताव रखा। नेता प्रतिपक्ष डॉ चरणदास महंत ने कहा कि ये प्रदेश के नागरिक हैं, और इस पर चर्चा जरूरी है।
SIR जनहित या राज्यहित का मुद्दा नहीं - विधायक चंद्राकर
भाजपा विधायक अजय चंद्राकर ने कहा कि यह जनहित या राज्यहित का मुद्दा नहीं है और इसे रिकॉर्ड में शामिल नहीं किया जाना चाहिए। भाजपा के अन्य विधायक धर्मजीत सिंह ने भी कहा कि प्रदेश में सब ठीक चल रहा है और विपक्ष मुद्दा नहीं खोज पा रहा है।
स्थगन प्रस्ताव किया अस्वीकार
विरोध पर नाराजगी जताते हुए कांग्रेस विधायक और पूर्व मंत्री उमेश पटेल ने भाजपा पर आरोप लगाते हुए कहा कि एक पार्टी के लोगों ने दूसरे बूथों के मतदाताओं के नाम कटवाए। विधानसभा अध्यक्ष ने इसे भारत निर्वाचन आयोग का विषय बताते हुए स्थगन प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया। इसके बाद विपक्ष ने नारेबाजी करते हुए सदन से वॉकआउट किया। इस सत्र ने स्वास्थ्य योजना के क्रियान्वयन और मतदाता सूची विवाद को लेकर विधानसभा में दोनों तरफ से तीखी बहस को सामने लाया है।
निष्कर्ष
रायपुर में विधानसभा में आयुष्मान योजना को लेकर अस्पतालों के खिलाफ 31 शिकायतें सामने आईं। 2.47 करोड़ कार्डधारकों में 22.5 लाख से अधिक लोगों का इलाज हुआ, केंद्र 60% और राज्य 40% खर्च उठा रहा है। मतदाता सूची में 19 लाख से अधिक नाम कटने पर विपक्ष ने स्थगन प्रस्ताव रखा, भाजपा ने इसे केंद्र का मामला बताया। स्थगन अस्वीकृत होने पर विपक्ष ने नारेबाजी करते हुए सदन से वॉकआउट किया।
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