NEWS IN SHORT
- भूपेश बघेल का AI वीडियो हुआ वायरल, कांग्रेस ने की शिकायत
- पुलिस ने आरोपी के खिलाफ FIR दर्ज कर जांच शुरू की है
- कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने विभिन्न थानों में विरोध प्रदर्शन किया
- इंस्टाग्राम अकाउंट्स को बैन किया गया पुलिस ने आरोपियों की तलाश शुरू की
- महिला आयोग ने संज्ञान लिया और सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की
NEWS IN DETAIL
Raipur। छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का एक कथित AI जनरेटेड वीडियो वायरल हो गया था। इस वीडियो में उन्हें उपसचिव रही सौम्या चौरसिया के साथ दिखाया गया है।
वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद कांग्रेस पार्टी ने आपत्ति जताई और अलग-अलग आठ थानों में शिकायत दर्ज कराई है। मामला भिलाई नगर थाना क्षेत्र का है।
पुलिस ने किया FIR दर्ज
वायरल वीडियो जिस इंस्टाग्राम पेज पर पोस्ट किया गया था, पुलिस ने उस आईडी होल्डर के खिलाफ FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। वीडियो को कांग्रेस पोल खोल और रैंडम छत्तीसगढ़ नामक अकाउंट से शेयर किया गया था।
जैसे ही मामला बढ़ा, इंस्टाग्राम ने उन पेजों को बैन कर दिया। अब पुलिस वीडियो बनाने और वायरल करने वालों की पहचान करने में जुटी हुई है।
कांग्रेस कार्यकर्ताओं का विरोध प्रदर्शन
रविवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने एसएसपी विजय अग्रवाल से मुलाकात कर कार्रवाई की मांग की थी। इसके बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने
जिले के विभिन्न थानों में शिकायत दर्ज कराई। भिलाई-3, कुम्हारी, जामगांव आर, नंदिनी नगर, और अन्य इलाकों में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया।
साइबर टीम कर रही है जांच
पुलिस ने मामले में तेजी से कार्रवाई का आश्वासन दिया है। साइबर टीम वीडियो की जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि वीडियो कहां से बनाया गया और किसने इसे सबसे पहले पोस्ट किया।
IMP FACTS
- AI वीडियो वायरल: भूपेश बघेल का AI जनरेटेड वीडियो वायरल हुआ।
- कांग्रेस ने की शिकायत: कांग्रेस ने आठ थानों में शिकायत दर्ज कराई।
- पुलिस कार्रवाई: FIR दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू।
- इंस्टाग्राम पेज बैन: वीडियो पोस्ट करने वाले पेज बैन हुए।
- महिला आयोग का संज्ञान: महिला आयोग ने मामले में कार्रवाई की मांग की।
महिला आयोग ने लिया संज्ञान
राज्य महिला आयोग ने इस मामले को गंभीरता से लिया है और दुर्ग एसएसपी को पत्र भेजा है। आयोग ने साइबर सेल को निर्देश दिए हैं कि वीडियो की तकनीकी जांच कर उसके असली स्रोत का पता लगाया जाए
और इसे वायरल करने वालों की पहचान की जाए। महिला आयोग ने कहा कि इस तरह की घटनाओं में दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए, खासकर जब किसी की छवि को नुकसान पहुंचाने के लिए तकनीकी का गलत इस्तेमाल किया जाए।
यह खबरें भी पढ़े...
भूपेश बघेल फेक वीडियो मामला; छत्तीसगढ़ महिला आयोग ने लिया संज्ञान, FIR दर्ज करने के आदेश

