Raipur. राजनीतिक हलकों में इस समय संदीप पाठक को लेकर चर्चाएं तेज हैं। मीडिया और सूत्रों के हवाले से खबर सामने आ रही है कि पंजाब पुलिस ने उनके खिलाफ दो मामलों में FIR दर्ज की है। रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि दर्ज मामलों में भ्रष्टाचार और महिला से जुड़े आरोप शामिल हैं।
लेकिन पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी इस विषय पर सार्वजनिक रूप से कुछ भी कहने से बच रहे हैं। ऐसे में आरोपों की सच्चाई और कानूनी स्थिति अभी स्पष्ट नहीं है।
दिल्ली में दबिश की खबर:
सूत्रों के अनुसार, पुलिस की एक टीम दिल्ली में उनके आवास तक पहुंची थी। हालांकि, इस कार्रवाई को लेकर भी कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। खबर है कि एफआईआर दर्ज होने के बाद पंजाब पुलिस की ओर से किसी भी समय कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है। गिरफ्तारी की अटकलों के बीच संदीप पाठक को दिल्ली स्थित अपने आवास से कार में निकलते हुए देखा गया। इस पूरे मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए तरुण चुघ ने आरोप लगाया कि आम आदमी पार्टी की पंजाब सरकार बदले की भावना से कार्रवाई कर रही है। उन्होंने कहा कि वे इस तरह के दबाव से डरने वाले नहीं है।
हाल ही में बीजेपी में हुए शामिल:
राजनीतिक घटनाक्रम के बीच संदीप पाठक (Sandeep Pathak) उन सात राज्यसभा सांसदों में शामिल हैं, जिन्होंने AAP छोड़कर भारतीय जनता पार्टी का दामन थामा। 24 अप्रैल को AAP को बड़ा झटका लगा, जब संदीप पाठक समेत उसके 7 सांसदों ने पार्टी छोड़ने का ऐलान किया। इन नेताओं का आरोप था कि अरविंद केजरीवाल की पार्टी अपने मूल सिद्धांतों और आदर्शों से भटक गई है। संदीप पाठक पंजाब से ही राज्यसभा सदस्य हैं। वे आम आदमी पार्टी के मुख्य रणनीतिकार माने जाते थे।
छत्तीसगढ़िया है संदीप पाठक:
राज्यसभा सदस्य संदीप पाठक का छत्तीसगढ़ से खास नाता है। वे मूलतः छत्तीसगढ़िया हैं। उनका जन्म मुंगेली में हुआ है। संदीप पाठक का जन्म और शुरुआती जीवन छत्तीसगढ़ की जमीन पर बीता। उनकी प्राम्भिक शिक्षा भी यहीं हुई। छत्तीसगढ़ के एक सामान्य परिवेश से निकलकर राष्ट्रीय राजनीति में अपनी पहचान बनाना उनकी बड़ी उपलब्धि मानी जाती है। मुंगेली जैसे अपेक्षाकृत छोटे जिले से निकलकर वे देश की राजनीति के केंद्र तक पहुंचे हैं। वे आप में रहते हुए छत्तीसगढ़ के प्रभारी भी रहे हैं।

