Indore. इंदौर कलेक्टोरेट में मंगलवार को हुई जनसुनवाई में फरियादी महिला गीता बाई और उनके पुत्र हरिराम यादव पहुंचे। कलेक्टर के सामने खड़ी होकर महिला ने कहा कि साहब मैं जिंदा हूं लेकिन मुझे सरपंच और पंचायत ने मरा बता दिया।
कलेक्टर भी बात सुनकर चौंक गए। महिला के बेटे ने भी कलेक्टर को सभी दस्तावेज दिखाए और मृत बताकर जमीन हथियाने के आरोप लगाए।
यह लगाए मां और बेटे ने आरोप
बेटे हरिराम यादव ने बताया कि सरपंच और पंचायत ने मां का फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र बना दिया। इस आधार पर हमारी क्षिप्रा (सांवेर तहसील) की करीब पौने दो बीघा जमीन ( 40 हजार वर्गफीट- सर्वे नंबर 250/6, ग्राम सिंहासा) का नामांतरण दूसरे के नाम पर हो गया। हमने राजस्व रिकॉर्ड निकाले तो हमारी जगह यह जमीन मेसर्स बीएम हॉस्पिटलिटी एंड डेवलपर्स निवासी एम जेड 06 ट्रेड हाउस 14/1 तुकोगंज इंदौर तर्फे डायरेक्टर जय कुमार बजाज पिता भगवती प्रसाद बजाज के नाम निकली।
थाने गए तो वहां पीटा, गुंडों ने भी मारा
बेटे ने इंदौर कलेक्टर शिवम वर्मा को बताया कि जब जमीन पर गए तो वहां बिल्डर बजाज के गुंडों ने पीटा। हम जब 26 मार्च को चंदननगर थाने गए तो वहां भी पुलिस वालों ने दुवर्यवहार किया और पीटा। हमारी शिकायत पर कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। कलेक्टर ने इस मामले में जमीन रिकॉर्ड और नामांतऱण आदेश का परीक्षण कराने की बात कही है।

